उत्तर प्रदेश नोएडा

ग्रेटर नोएडा में 6 और 7 मंजिल की दो बिल्डिंग गिरीं, मलबे से 4 शवों को निकाला, रेस्क्यू जारी

ग्रेटर नोएडा : वेस्ट स्थित शाहबेरी गांव में खेत की जमीन पर काटी गई कॉलोनी में मंगलवार रात दर्दनाक हादसा हुआ। यहां 6 और 7 मंजिल की दो बिल्डिंग भर भराकर गिर गईं। बिल्डिंग के मलबे में कई लोगों के दबे होने की आशंका है। एनडीआरएफ की टीम पुलिस और फायर बिग्रेड लोगों की मदद से राहत और बचाव कार्य में जुटी हैं।

इस बीच NDRF की टीम ने दो शवों को मलबे से निकाला गया है। केंद्रीय मंत्री महेश शर्मा घटनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने कहा कि लोगों की जान बचाना हमारी प्राथमिकता है। एनडीआरएफ की टीम के साथ डॉग स्क्वॉड की टीम भी मौके पर बचाव कार्य में जुट गई है।
#Visuals: Building collapse in Greater Noida’s Shah Beri village: 2 dead bodies have been recovered by the NDRF team. pic.twitter.com/k2m0DlKvnp — ANI UP (@ANINewsUP) July 17, 2018
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस मामले का संज्ञान लिया है। उन्होंने जिलाधिकारी से बात कर कहा है कि एनडीआरएफ और पुलिस की मदद से तुरंत राहत और बचाव कार्य को अंजाम दिया जाए।

बताया जा रहा है एक बिल्डिंग में कुछ परिवार रहते थे और दूसरी में कुछ अन्य समेत लगभग 30-40 लोग मौजूद थे। लोग हादसे की वजह मानकों से कम निर्माण सामग्री और कम मंजिल की अनुमति के बाद अधिक मंजिलें खड़ी करना बता रहे हैं।

बिसरख कोतवाली क्षेत्र के ग्रेटर नोएडा वेस्ट में शाहबेरी गांव के खेत में कुछ वर्ष पूर्व कॉलोनी काटी गई। बताया गया है कि इसी भूमि पर बिल्डरों ने कई मंजिलों भवनों का निर्माण शुरू कर दिया।
Our priority right now is to save any life that is left. 12 ambulances are present here & all the hospitals nearby have been alerted. NDRF teams & dog squads are also present on the spot: Union Minister Mahesh Sharma on building collapse in Greater Noida’s Shah Beri village pic.twitter.com/XzWQE9Duzo — ANI UP (@ANINewsUP) July 17, 2018

यहीं पर एक 6 मंजिला बिल्डिंग निर्माणाधीन थी। यह बिल्डिंग मंगलवार रात लगभग 9.30 बजे करीब स्थित सात मंजिला तैयार मंजिल पर बिल्डिंग पर गिर पड़ी। इससे दोनों बिल्डिंग धराशायी हो गई।

बताया गया है कि 7 मंजिला बिल्डिंग में कुछ परिवार रहे थे और निर्माणाधीन बिल्डिंग में भी कुछ लोग हुए मजदूर मौजूद थे लोगों के मलबे में दबे होने के कारण संख्या का पता नहीं चल पाया।

हालांकि वहां मौजूद लोग 30 से 40 लोगों के दबे होने की आशंका जता रहे हैं। सूचना मिलने पर बिसरख कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंच गई कुछ देर बाद फायर बिग्रेड भी पहुंची। रात लगभग 11.00 बजे गाजियाबाद से एनडीआरएफ की टीम भी विभिन्न उपकरणों को लेकर मौके पर पहुंचकर राहत बचाव कार्य में जुट गई।

राहत और बचाव कार्य में देरी से गुस्सा

मलबा उठाने के लिए जेसीबी मशीन और अन्य उपकरण पहुंचने में देरी हुई इससे राहत और बचाव कार्य में देरी होने के कारण लोगों में गुस्सा दिखाई दिया और वह पुलिस प्रशासन पर आरोप लगाते दिखाई दिए।

डॉग स्क्वायड भी पहुंचा
हादसा स्थल पर रात लगभग 11.45 बजे डॉग स्क्वायड पहुंच गया। राहत और बचाव कार्य में जुटे अधिकारी डॉग स्क्वायड का इस्तेमाल लोगों का स्थान पता करने में कर रहे थे।

मुख्यमंत्री ने दिए अधिकारियों को निर्देश
घटना की जानकारी मिलते ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जिलाधिकारी बीएन सिंह को राहत व बचाव कार्य तत्पर्यता से करने के निर्देश दिए। डीजीपी ओपी सिंह ने एसएसपी समेत वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को मौकेपर तुरंत पहुंचने का आदेश दिया