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इटावा। विशेष न्यायाधीश गैंगेस्टर एक्ट पारुल श्रीवास्तव ने गैंगस्टर के दो अलग-अलग मामलों में सात लोगों को दोषी करार देकर तीन-तीन साल की सजा सुनाई है। दोषियों पर जुर्माना भी लगाया गया है।
शासकीय अधिवक्ता शिव कुमार शुक्ला ने बताया कि पछायगांव के तत्कालीन थानाध्यक्ष सुरेश कुमार ने क्षेत्र में गिरोह बनाकर अवैध रूप से धन उगाही कर संपत्ति अर्जित करने वाले अभय राम निवासी नगला बिंदु थाना चौबिया, रंजीत उर्फ ईश्वर दयाल निवासी कांशीराम कालोनी, मुनीम उर्फ मुन्नी निवासी भाऊपुर कछार हाल पता बिजौली वाह आगरा, क्षेत्र पाल, देशराज, सुघर सिंह निवासी पुरा बसावन पछायगांव के खिलाफ 28 जून 2012 को गैंगेस्टर की कार्रवाई की थी। पुलिस ने आरोप पत्र कोर्ट में पेश किए। मामले की सुनवाई विशेष न्यायाधीश गैंगेस्टर एक्ट ने की। सहायक शासकीय अधिवक्ता कृष्ण सहाय शुक्ला के द्वारा पेश किए गए साक्ष्यों का बचाव पक्ष के वकील कोई सही जवाब नहीं दे सके। कोर्ट ने सभी को तीन-तीन साल की सजा व सात सात हजार रुपये का जुर्माना लगाया है।
जीआरपी के तत्कालीन थानाध्यक्ष ओम हरि बाजपेई ने ट्रेन में लूटपाट करने व जहरखुरानी में शामिल रवि कुमार निवासी रोशंगपुर थाना अयाना जिला औरैया के खिलाफ समाज विरोधी क्रियाकलाप निवारण अधिनियम के तहत कार्रवाई की थी। मामले की सुनवाई विशेष न्यायाधीश गैंगस्टर एक्ट पारुल श्रीवास्तव ने की शासकीय अधिवक्ता व बचाव पक्ष के वकीलों को सुनने के बाद कोर्ट ने उसे दोषी पाया। कोर्ट ले उसे तीन साल की सजा व पांच हजार का जुर्माना किया। जुर्माना अदा न करने पर उसे तीन माह का कारावास भोगना पड़ेगा।

इटावा। विशेष न्यायाधीश गैंगेस्टर एक्ट पारुल श्रीवास्तव ने गैंगस्टर के दो अलग-अलग मामलों में सात लोगों को दोषी करार देकर तीन-तीन साल की सजा सुनाई है। दोषियों पर जुर्माना भी लगाया गया है।

शासकीय अधिवक्ता शिव कुमार शुक्ला ने बताया कि पछायगांव के तत्कालीन थानाध्यक्ष सुरेश कुमार ने क्षेत्र में गिरोह बनाकर अवैध रूप से धन उगाही कर संपत्ति अर्जित करने वाले अभय राम निवासी नगला बिंदु थाना चौबिया, रंजीत उर्फ ईश्वर दयाल निवासी कांशीराम कालोनी, मुनीम उर्फ मुन्नी निवासी भाऊपुर कछार हाल पता बिजौली वाह आगरा, क्षेत्र पाल, देशराज, सुघर सिंह निवासी पुरा बसावन पछायगांव के खिलाफ 28 जून 2012 को गैंगेस्टर की कार्रवाई की थी। पुलिस ने आरोप पत्र कोर्ट में पेश किए। मामले की सुनवाई विशेष न्यायाधीश गैंगेस्टर एक्ट ने की। सहायक शासकीय अधिवक्ता कृष्ण सहाय शुक्ला के द्वारा पेश किए गए साक्ष्यों का बचाव पक्ष के वकील कोई सही जवाब नहीं दे सके। कोर्ट ने सभी को तीन-तीन साल की सजा व सात सात हजार रुपये का जुर्माना लगाया है।

जीआरपी के तत्कालीन थानाध्यक्ष ओम हरि बाजपेई ने ट्रेन में लूटपाट करने व जहरखुरानी में शामिल रवि कुमार निवासी रोशंगपुर थाना अयाना जिला औरैया के खिलाफ समाज विरोधी क्रियाकलाप निवारण अधिनियम के तहत कार्रवाई की थी। मामले की सुनवाई विशेष न्यायाधीश गैंगस्टर एक्ट पारुल श्रीवास्तव ने की शासकीय अधिवक्ता व बचाव पक्ष के वकीलों को सुनने के बाद कोर्ट ने उसे दोषी पाया। कोर्ट ले उसे तीन साल की सजा व पांच हजार का जुर्माना किया। जुर्माना अदा न करने पर उसे तीन माह का कारावास भोगना पड़ेगा।



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