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श्रीकृष्ण जन्मस्थान ईदगाह प्रकरण के दावेदार एक जुलाई का इंतजार कर रहे हैं। अधिकतर दावेदार सीनियर सिविल जज की अदालत में दिए प्रार्थनापत्रों पर सुनवाई होनी है।

श्रीकृष्ण जन्मभूमि-ईदगाह प्रकरण में सिविल जज सीनियर डिवीजन व अन्य अदालत में कुल 11 दावे लंबित हैं। अदालत ने अधिकतर केस में एक जुलाई की तिथि तय की है। मुख्य पक्षकार श्रीकृष्ण जन्मभूमि मुक्ति न्यास के अध्यक्ष महेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि अदालत में एक जुलाई को कोर्ट कमीशन संबंधी प्रार्थनापत्र की सुनवाई होनी है। 

उन्होंने मांग की कि  ईदगाह परिसर का सर्वे होना चाहिए, उसकी वीडियो, फोटोग्राफी के साथ ही परिसर की नापजोख भी होनी चाहिए। प्रार्थनापत्र में दावा किया गया है कि ईदगाह के कब्जे में नाप से अधिक जमीन है। इसके अलावा आर्किलोजिकल सर्वे ऑफ इंडिया से भी मांग की है। सभी मुकदमों को एकीकृत करने की भी मांग की है क्योंकि सबसे पहला केस हमारा ही दर्ज हुआ है। 

ईदगाह परिसर की यथा स्थिति बनाए रखने तथा रिसीवर नियुक्त करने संबंधी प्रार्थनापत्र भी लंबित है। न्यास के अध्यक्ष ने बताया उन्हें इस दौरान कुछ लोगों द्वारा जान से  मारने की धमकी भी दी गई थी। इसी तरह अन्य दावेदारों के प्रार्थनापत्रों पर सुनवाई होगी। 

श्रीकृष्ण जन्मस्थान ईदगाह प्रकरण के दावेदार एक जुलाई का इंतजार कर रहे हैं। अधिकतर दावेदार सीनियर सिविल जज की अदालत में दिए प्रार्थनापत्रों पर सुनवाई होनी है।

श्रीकृष्ण जन्मभूमि-ईदगाह प्रकरण में सिविल जज सीनियर डिवीजन व अन्य अदालत में कुल 11 दावे लंबित हैं। अदालत ने अधिकतर केस में एक जुलाई की तिथि तय की है। मुख्य पक्षकार श्रीकृष्ण जन्मभूमि मुक्ति न्यास के अध्यक्ष महेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि अदालत में एक जुलाई को कोर्ट कमीशन संबंधी प्रार्थनापत्र की सुनवाई होनी है। 

उन्होंने मांग की कि  ईदगाह परिसर का सर्वे होना चाहिए, उसकी वीडियो, फोटोग्राफी के साथ ही परिसर की नापजोख भी होनी चाहिए। प्रार्थनापत्र में दावा किया गया है कि ईदगाह के कब्जे में नाप से अधिक जमीन है। इसके अलावा आर्किलोजिकल सर्वे ऑफ इंडिया से भी मांग की है। सभी मुकदमों को एकीकृत करने की भी मांग की है क्योंकि सबसे पहला केस हमारा ही दर्ज हुआ है। 

ईदगाह परिसर की यथा स्थिति बनाए रखने तथा रिसीवर नियुक्त करने संबंधी प्रार्थनापत्र भी लंबित है। न्यास के अध्यक्ष ने बताया उन्हें इस दौरान कुछ लोगों द्वारा जान से  मारने की धमकी भी दी गई थी। इसी तरह अन्य दावेदारों के प्रार्थनापत्रों पर सुनवाई होगी। 



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