बच्चों के कौशल विकास को बढ़ावा देने के लिए जिले के 14 विद्यालयों के 350 बच्चे को व्यावसायिक शिक्षा दी जा रही है। इसके लिए सभी विद्यालयों में अलग से दो-दो शिक्षक तैनात किए गए हैं। राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के तहत प्रदेश के माध्यमिक विद्यालयों के बच्चों को व्यवसाय और स्वरोजगार में दक्ष बनाने के लिए व्यावसायिक शिक्षा कार्यक्रम लागू किया गया है।
व्यावसायिक शिक्षा में सेवा, निर्माण और कृषि सेक्टर पर प्रशिक्षण देने के लिए आईटीआई, पॉलीटेक्निक सहित अन्य संस्थानों के प्रशिक्षक तैनात किए गए हैं। वहीं, बच्चों के लिए इंटर्नशिप और साल में दो से तीन बार कॅरिअर काउंसिलिंग की भी व्यवस्था है। पहले चरण में राजकीय विद्यालयों समेत कुल 14 माध्यमिक विद्यालयों को शामिल किया गया है। इसके तहत कक्षा 9 से 12 तक के छात्रों को यह शिक्षा दी जा रही है।
