
Prayagraj News : इलाहाबाद हाईकोर्ट
– फोटो : अमर उजाला।
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शमशान घाट पर पानी की टंकी के निर्माण कार्य से आक्रोशित ग्रामीणों की जनहित याचिका पर उच्च न्यायालय ने सरकार से विस्तृत जानकारी तलब की है। उच्च न्यायालय के न्यायमूर्ति क्षितिज शैलेंद्र की अदालत याची राकेश की जनहित याचिका पर सुनवाई कर रही है।
याची के अधिवक्ता निपुन सिंह का कहना था कि केन्द्र सरकार की योजना के तहत राज्य सरकार शामली जिले के कसेरूआ खुर्द गांव में स्थित शमशान घाट पर पानी की टंकी का निर्माण करवा रही है, जिसको ले कर ग्रामीणों में गहरा आक्रोश है। ग्रामीणों का कहना है कि शमशान घाट पर अंतिम सस्कार के अपशिष्टï से पेयजल दूषित होगा, साथ ही ग्रामीणों की भावनायें भी आहत हो रही है।
याची के अधिवक्ता का कहना था कि पानी की टंकी का नवनिर्माण शमशान घाट के अतिरिक्त जनहित में ग्रामीणों द्वारा सुझायें गये किसी भी स्थान पर कर दिया जायें। केन्द्र सरकार के स्थायी अधिवक्ता ने बताया कि केन्द्र सरकार की योजना के तहत निर्मित पानी की टंकी का र्निमाण अंतिम संस्कार वाले स्थल से दूर ही किया जा रहा है।
जनहित में पानी की टंकी का निर्माण किया जाना जिस जगह पर प्रस्तावित है, उसके अतिरिक्त कोई स्थान उपलब्ध नहीं है। ग्रामीणों के विरोध और इस याचिका के निर्णय के इंतजार में निर्माण कार्य ठप्प पड़ा है। कोर्ट ने ग्रामीणों के विरोध और याची द्वारा सुझायें स्थानों के आलोक में राज्य सरकार से नई विस्तृत जानकारी दस जुलाई तक तलब की है।
