केजीएमयू की महिला रेजिडेंट के यौन शोषण और धर्मांतरण के प्रयास के मामले में एसटीएफ ने शासन को गोपनीय रिपोर्ट सौंप दी है। चौक थाने में दर्ज मामले की विवेचना में एसटीएफ सहयोग करेगी। सूत्रों का कहना है कि गिरफ्तार किए गए आरोपी डॉ. रमीज और उसके माता-पिता को पुलिस रिमांड पर लेकर पूछताछ करेगी। तीनों से एसटीएफ के अधिकारी धर्मांतरण गिरोह के बारे में जानकारी लेंगे।
चौक पुलिस ने डॉ. रमीज के बैंक खातों की छानबीन की है। कॉल डिटेल भी खंगाले हैं। पड़ताल में सामने आया है कि आरोपी कुछ महिलाओं से लगातार फोन पर बात करता था। पुलिस ने कुछ महिलाओं से संपर्क भी किया है। यह पता लगाया जा रहा है कि आरोपी ने और कितनी युवतियाें का यौन शोषण किया था।
पुलिस का कहना है कि अगर कोई पीड़िता शिकायत करती है तो जांच में उसे भी शामिल किया जाएगा। शिकायतकर्ता का नाम भी गोपनीय रखा जाएगा। एसटीएफ ने पूरे मामले से संबंधित दस्तावेजों की छानबीन की। इसके बाद गोपनीय जांच कर रिपोर्ट तैयार किया। बताया जा रहा है कि पुलिस रिमांड पर आरोपी और उसके माता-पिता से पहले अलग-अलग पूछताछ होगी। इसके बाद तीनों का आमना-सामना कराया जाएगा।
आगरा कनेक्शन की छानबीन तेज
एसटीएफ की एक टीम आगरा में डॉ. रमीज और डॉ. शाहीन के भाई परवेज के कनेक्शन की भी जांच कर रही है। दोनों के बीच हुई बातचीत का ब्योरा निकाला गया है। खुफिया एजेंसियां परवेज के बरामद फोन को भी खंगाल रही हैं। परवेज के मड़ियांव स्थित घर से एटीएस को कीपैड वाले कई फोन मिले थे। यह पता लगाया जा रहा है कि उस फोन से परवेज ने रमीज से बात की थी या नहीं। आरोपी के घर से बरामद हार्ड डिस्क भी पुलिस दोबारा खंगालेगी। एसटीएफ आगरा निवासी महिला डॉक्टर से भी पूछताछ की तैयारी कर रही है।
