बरेली की अपर सत्र न्यायाधीश कक्ष संख्या पांच अमृता शुक्ला ने शहर में बीते साल 26 सितंबर को हुए बवाल के मामले में आरोपी बारादरी थाना क्षेत्र के फाइक एंक्लेव निवासी फरहत खां की जमानत याचिका खारिज कर दी है। फरहत खां मौलाना तौकीर रजा का करीबी है। बवाल के बाद मौलाना तौकीर ने फरहत के घर में ही शरण ली थी। पुलिस ने वहीं से मौलाना तौकीर व फरहत को गिरफ्तार किया था।
उप निरीक्षक राजीव कुमार शर्मा ने कोतवाली में 26 सितंबर 2025 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया था कि वह कानून व्यवस्था के मद्देनजर नावल्टी चौराहे पर तैनात थे। मौलाना तौकीर रजा के आह्वान पर कुमार टॉकीज के पास भीड़ ने उपद्रव कर दिया। पुलिस ने रोकने की कोशिश की तो फायरिंग कर दी। गोली लगने से सिपाही दिग्विजय घायल हो गया। अन्य पुलिस कर्मी भी घायल हुए थे।
भीड़ ने भड़काऊ नारे लगाते हुए पथराव भी किया था। जन सहयोग और वीडियोग्राफी के जरिये कोहिनूर, हसन, साहिल, सईद अहमद, जुबैर, सलमान, रिहान, अफरोज, तकीम, अरहान, अहमद रजा, फरहान रजा, अदनान रजा की पहचान कर ली गई। लगभग 450 लोग अज्ञात थे। आरोपियों में शामिल फरहत जेल में है। उसने वकील के जरिये जमानत के लिए याचिका दी थी। कोर्ट ने मंगलवार को उसकी जमानत खारिज को कर दिया।
