त्रिवटीनाथ मंदिर
प्रेमनगर स्थित बाबा त्रिवटीनाथ मंदिर में भोर में बाबा का जलाभिषेक किया गया। तड़के से से ही मंदिर के बाहर भक्तों की लाइन लगना शुरु हो गई थी। दिन भर मंदिर परिसर भक्तों आते रहे। मंदिर के मीडिया प्रभारी संजीव औतार अग्रवाल ने बताया कि मंदिर को रंग बिरंगे फूलों से सजाया गया है। मंदिर में जिलाधिकारी अनिवाश सिंह भी जलाभिषेक करने पहुंचे। मान्यता है कि मंदिर में सच्चे मन से जो भक्त मनोकामना मांगते है वह पूरी होती है।
धोपेश्वरनाथ मंदिर
कैंट स्थित धोपेश्वर नाथ मंदिर में बाबा धोपेश्वर नाथ की आरती के बाद सुबह तीन बजे से ही जलाभिषेक शुरु हो गया। भक्तों की लाइन मंदिर से बाहर तक लगी रही। लंबी लाइन के होने के बाद भक्त भजनों पर झूमते रहे मंदिर में भक्तों के लिए भंडारे का आयोजन किया गया। मंदिर के बाहर ठंडाई भी बांटी जा रही थी। शाम तक भक्त जलाभिषेक करने के लिए आते रहे। इस दौरान पूरा परिसर शिवमय हो गया। मंदिर में शाम को दीपदान भी किया गया।
पशुपतिनाथ मंदिर
पशुपतिनाथ मंदिर में शिवभक्तों की लंबी लाइन लगी। मंदिर के पुजारी ने रविवार तड़के महाआरती कराई, इसके बाद जलाभिषेक शुरू हुआ। मंदिर में पहुंचे भक्तों ने 108 शिवलिंग पर जलाभिषेक किया। मान्यता है कि यहां सच्चे मन से जो मनोकामना मांगी जाती है जो पूरी होती है। मंदिर को नेपाल के पुशपतिनाथ मंदिर की तर्ज पर बनाया गया है। शाम को मंदिर में आरती व प्रसाद वितरण किया गया। मंदिर में भोले के जयकारे लगाते रहे।
अलखनाथ मंदिर
अलखनाथ मंदिर में शानिवार रात 12 बजे से ही भक्तों की कतार लग गई थी। रात से ही भक्तों ने भोलेनाथ का जलाभिषेक करना शुरु कर दिया था। बुधवार सुबह तड़के भक्तों की लाइन मंदिर में बाहर तक पहुंच गई। घंटे लाइन में खड़े भक्त भोले के जयकारे लगाते रहे। मंदिर को रंग-बिरंगे फूलों से सजाया गया था। दिनभर भक्त बाबा का दर्शन पूजन करते रहे।




