पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से उत्तर प्रदेश के पश्चिमी जिलों और तराई क्षेत्र में रविवार व सोमवार को कई स्थानों पर तेज हवाओं के साथ हल्की से मध्यम बारिश हुई। जबकि शामली और मुजफ्फरनगर में कहीं-कहीं ओलावृष्टि की भी सूचना मिली। मौसम विभाग के अनुसार सोमवार से यह विक्षोभ कमजोर पड़ गया है।
मंगलवार से अगले तीन दिनों के दौरान प्रदेश के कई हिस्सों में अधिकतम तापमान में 3 से 5 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ोतरी की संभावना है।
आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र के वरिष्ठ वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह के अनुसार वर्तमान विक्षोभ के कमजोर पड़ने से तापमान में धीरे-धीरे बढ़ोतरी होगी। हालांकि 19 मार्च से एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने की संभावना है, जिससे प्रदेश के दोनों संभागों में बारिश और तेज हवाओं का दौर शुरू हो सकता है। इसके प्रभाव से अधिकतम तापमान में 5 से 7 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट के संकेत हैं।
सोमवार को सहारनपुर में सर्वाधिक 16 मिमी वर्षा दर्ज की गई, जबकि बिजनौर में 14 मिमी, मुजफ्फरनगर में 9.3 मिमी और बरेली में 5 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई। सिद्धार्थनगर और सीतापुर में भी हल्की बूंदाबांदी हुई।
तापमान की बात करें तो बांदा प्रदेश का सबसे गर्म जिला रहा, जहां अधिकतम तापमान 36.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। उरई में 36.4 और फतेहपुर में 36.2 डिग्री सेल्सियस तापमान रहा। बांदा में ही न्यूनतम तापमान 21.6 डिग्री सेल्सियस के साथ सबसे गर्म रात रही।
