वीआईपी ट्रेन शताब्दी एक्सप्रेस से डायनेमिक फेयर हट सकता है। इससे किराया आधा हो जाएगा और यात्रियों को राहत मिलेगी। इस बाबत रेलवे बोर्ड स्तर पर मंथन किया जा रहा है। यात्रियों के हित में निर्णय लिए जाने की उम्मीद जताई जा रही है।
पूर्वोत्तर रेलवे लखनऊ मंडल के लखनऊ जंक्शन रेलवे स्टेशन से नई दिल्ली के लिए वीआईपी ट्रेन 12003 शताब्दी एक्सप्रेस का संचालन होता है। यह ट्रेन दोपहर साढ़े तीन बजे रवाना होती है। ट्रेन में विमानों की तर्ज पर डायनेमिक फेयर सिस्टम लागू है। इससे प्रत्येक 10 प्रतिशत सीटों की बुकिंग के बाद किराया 10 प्रतिशत बढ़ जाता है। इससे अधिकतम किराया बेसफेयर का डेढ़ गुना तक हो जाता है। यह व्यवस्था लॉकडाउन के पहले से लागू है।
गत वर्ष चेयरकार ट्रेनों में यात्रियों की संख्या बढ़ाने के लिए किराया कम करने को लेकर रेलवे बोर्ड स्तर पर बात हुई। जोनल रेलवे से चेयरकार ट्रेनों का विवरण मांगा गया। इसी बीच दैनिक यात्री एसोसिएशन के अध्यक्ष एसएस उप्पल की ओर से शताब्दी एक्सप्रेस से डायनेमिक फेयर हटाने की मांग की गई। उन्होंने रेलमंत्री अश्विनी वैष्णव को पत्र भी लिखा। सूत्र बताते हैं कि इस मुद्दे को लेकर मंथन शुरू हो गया है। ऐसा होने पर किराया करीब आधा हो जाएगा।
अभी इतना लगता है किराया
लखनऊ से नई दिल्ली जाने वाली वीआईपी ट्रेन शताब्दी एक्सप्रेस की चेयरकार का किराया अभी 1,420 रुपये है। इसमें बेस फेयर 715 रुपये व डायनेमिक चार्ज 286 रुपये लग रहा है। इसके अतिरिक्त 40 रुपये रिजर्वेशन चार्ज, 45 रुपये सुपरफास्ट चार्ज, 55 रुपये जीएसटी, 275 रुपये कैटरिंग चार्ज शामिल है। डायनेमिक फेयर हटने से किराए पर काफी असर पड़ेगा।
आठ साल पहले 700 रुपये था किराया
एसएस उप्पल बताते हैं कि लॉकडाउन से पूर्व शताब्दी एक्सप्रेस में सामान्य टिकट व्यवस्था लागू थी। चेयरकार का टिकट 700 रुपये तक मिल जाता था, लेकिन अब यात्रियों को महंगे टिकट पर सफर करना पड़ रहा है।
