प्रदेश में जारी मतदाता सूची विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) अभियान को लेकर केंद्रीय चुनाव आयोग ने दावे और आपत्तियां दर्ज कराने की समयसीमा 6 मार्च तक बढ़ा दी है। अभी दावे और आपत्तियों के लिए 6 फरवरी अंतिम तारीख थी। इसके अलावा मैपिंग से जुड़े सभी नोटिसों की प्रक्रिया 27 फरवरी के बजाय 27 मार्च तक पूरी की जाएगी। अंतिम मतदाता सूची अब 10 अप्रैल को प्रकाशित की जाएगी।
लोकभवन में शुक्रवार को उत्तर प्रदेश के मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ने प्रेसवार्ता में बताया कि फार्म-6 के आवेदन लगातार बढ़ रहे हैं। इसके अलावा मैपिंग को लेकर भारी संख्या में नोटिस भेजे गए हैं। नोटिस और फार्म की भारी संख्या की वजह से समय बढ़ाने की मांग राजनीतिक दलों ने की थी।
इसे देखते हुए राज्य निर्वाचन आयोग ने केंद्रीय चुनाव आयोग से समयसीमा बढ़ाने की मांग की थी। इसे स्वीकार कर समयावधि एक माह बढ़ा दी गई। उन्होंने बताया कि विदेश में रह रहे नागरिक फार्म-6A भरकर मतदाता सूची में नाम जुड़वा सकते हैं।