लखनऊ के बख्शी का तालाब के सीओ चकबंदी के पेशकारी राजीव कुमार प्रभाकर को एंटी करप्शन की टीम ने पांच हजार रुपये रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया है। आरोप है कि गाटा संख्या में सुधार के लिए हंसखेड़ा निवासी राजीव कुमार पीड़ित से रकम मांग रहा था। इटौंजा के जमखनवा निवासी प्रापर्टी डीलर योगेश मिश्रा ने एंटी करप्शन से इसकी शिकायत की थी।
शिकायत मिलने पर एंटी करप्शन टीम की प्रभारी संध्या सिंह ने दलबल के साथ तहसील परिसर में स्थित सीओ चकबंदी कार्यालय में पहुंची। जाल बिछाकर आरोपी को बुधवार शाम करीब चार बजे रिश्वत लेते दबोच लिया। आरोपी को बख्शी का तालाब थाने ले जाया गया।
पुलिस का कहना है कि योगेश मिश्रा ने सीओ चकबंदी कोर्ट में गाटा संख्या सुधार के लिए केस दायर किया था। त्रुटि वश चकबंदी अभिलेख में दर्ज गाटा संख्या 426 को संशोधन कर 436 करने के लिए दायर केस में पेशकार रिश्वत मांग रहा था।
कई बार कहने पर भी आरोपी ने सुनवाई नहीं की। लंबे समय से केस के टालमटोल पर योगेश ने एंटी करप्शन टीम से मदद मांगी थी। अतिरिक्त प्रभारी निरीक्षक बख्शी का तालाब कैलाश दुबे ने बताया कि आरोपी का मेडिकल करवाया गया है। मामले की छानबीन की जा रही है।
