मुजफ्फरनगर।(Muzaffarnagar) शनिवार की रात एक खास संगीत संध्या का आयोजन हुआ, जिसमें एक के बाद एक शानदार प्रस्तुतियों ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। इस भव्य कार्यक्रम का नाम था “तुमको ना भूल पायेंगे”, जो प्रसिद्ध गायक श्याम कटारिया की याद में आयोजित किया गया था। कार्यक्रम का आयोजन रिदम संस्था द्वारा किया गया था, जिसकी स्थापना जनपद के मशहूर गायक संजय साथी ने की थी। यह संस्था गायक, संगीतकार और कलाकारों को मंच प्रदान करने के लिए पहचानी जाती है।
संगीत प्रेमियों का जमावड़ा
कार्यक्रम के उद्घाटन के लिए विशेष रूप से जनपद न्यायाधीश श्री विनय कुमार द्विवेदी उपस्थित रहे, जिन्होंने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम की शुरुआत की। इसके बाद कार्यक्रम का उद्घाटन मेरठ से आयी गायिका अविका द्वारा गणेश वंदना से हुआ। यह सांस्कृतिक संध्या दर्शकों के लिए संगीत और भावनाओं का अनूठा संगम बनकर उभरी।
दुबई से आए कलाकारों ने रौनक बढ़ाई
कार्यक्रम में दुबई से आए जी.टी.वी. के प्रसिद्ध सिंगर और सर रागम फेम आशीष ने अपनी आवाज से सभा में एक विशेष रंग भर दिया। आशीष ने किशोर कुमार के गीत “नीले नीले अम्बर पर” और रफी साहब का हिट गीत “दिल के झरोखों में तुझको बैठाकर” गाकर सभी को अपने संगीत का दीवाना बना लिया। उनके गीतों ने कार्यक्रम में चार चांद लगा दिए और श्रोताओं ने जमकर तालियां बजाईं।
संजय साथी और आयेशा की आवाज़ों का जादू
रिदम संस्था के फाउंडर और जनपद के मशहूर गायक संजय साथी ने भी अपनी गायकी से सभी का दिल जीत लिया। उन्होंने आयेशा सिंघानिया के साथ मिलकर “हमे ओर जीने की चाहत ना होती” और “जाने कहां गये वो दिन” जैसे सदाबहार गीत गाए, जिन्हें सुनकर दर्शक पूरी तरह से झूम उठे। संजय साथी का यह डुएट गीत सच में आकर्षक और दिल छूने वाला था।
शानदार प्रस्तुतियों ने दर्शकों को किया मंत्रमुग्ध
कार्यक्रम में और भी कई शानदार प्रस्तुतियां दी गईं, जिनमें दिल्ली से आए प्रसिद्ध गायक राजन वासुदेव द्वारा “चिठ्ठी ना कोई संदेश” गाया गया, जो श्याम कटारिया को श्रद्धांजलि अर्पित करने का एक बेहतरीन तरीका था। इसके साथ ही कीर्ति द्वारा “हिमांशु के साथ मुझे तेरी मोहब्बत का सहारा मिल गया होता”, “इक राधा इक मीरा” और अन्य रोमांटिक गीतों ने वातावरण को और भी भावुक बना दिया।
इसके अलावा, गायिका अविका ने “तुझसे नाराज नहीं जिंदगी” और “मदनलाल” ने “जिंदगी एक सफर है सुहाना” जैसे गीत गाकर ऑडियंस को झूमने पर मजबूर कर दिया। हर प्रस्तुति ने श्रोताओं को एक अलग ही अनुभव दिया, और संगीत का आनंद देर रात तक लिया गया।
फिल्म इंडस्ट्री की चर्चित हस्तियां भी शामिल
कार्यक्रम में वेब सीरीज और हरियाणा फिल्मों की प्रसिद्ध अभिनेत्री एवं मॉडल माणी गौतम ने भी प्रतिभाग किया, जिन्होंने अपनी उपस्थिति से कार्यक्रम की चमक और बढ़ा दी। माणी की मौजूदगी ने दर्शकों के उत्साह को और भी बढ़ा दिया।
सम्मान और पुरस्कार का दौर
कार्यक्रम के अंत में जनपद न्यायाधीश श्री विनय कुमार द्विवेदी ने सभी कलाकारों और अतिथियों को उनके उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए ट्रॉफी देकर सम्मानित किया। कार्यक्रम के आयोजक और सभी सहयोगियों की तारीफ करते हुए उन्होंने कार्यक्रम की सफलता को सराहा।
कार्यक्रम की अध्यक्षता श्री मनीष गर्ग ने की, जिन्होंने अपनी उपस्थिति से इस समारोह की गरिमा बढ़ाई। इस संगीत संध्या के सफल आयोजन में संजय साथी के साथ-साथ डॉ. दलीप दमराबी, रोटेरियन रजनीश गुप्ता, राजेश पल्लव, सुमित गोयल, विरेन्द्र, मोहित मेंहदियान, लेखक नादिर राणा, कीर्ति भूषण, अश्वनी बंसल और जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी राजीव शर्मा जैसे सम्माननीय व्यक्तियों ने योगदान दिया।
संगीत की दुनिया में एक और यादगार रात
रिदम संस्था का यह 16वां कार्यक्रम था, और हर बार की तरह इस बार भी देर रात तक श्रोता कार्यक्रम का आनंद लेते रहे। मंच पर बेजोड़ कलाकारों की प्रस्तुति और संगीत प्रेमियों का उत्साह इस कार्यक्रम को एक ऐतिहासिक रात बना गया। इस भव्य आयोजन ने एक बार फिर साबित कर दिया कि संगीत कभी भी समय और स्थान की सीमाओं को नहीं मानता, वह हर दिल में बस जाता है।
रिदम संस्था द्वारा आयोजित इस संगीत संध्या ने न केवल श्याम कटारिया की यादों को ताजा किया, बल्कि सभी उपस्थित कलाकारों और संगीत प्रेमियों के लिए एक अमिट छाप भी छोड़ी।
