
मुरादाबाद में मिला झोलाछाप चिकित्सक
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स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों की झोलाछाप के खिलाफ कार्रवाई जारी है। मंगलवार को डिप्टी सीएमओ डॉ. संजीव बेलवाल ने एक शिकायत पर बिलारी थाना क्षेत्र के बाजार कस्बा में नाथ क्लीनिक का निरीक्षण करने पहुंचे। वहां 12वीं पास चंद्रभान (30) क्लीनिक का संचालन करता मिला। उसके द्वारा ही मरीजों को दवा लिखी जा रही थी।
कड़ाई से पूछताछ पर उसने बताया कि क्लीनिक संचालक डॉ. महावीर हैं, जोकि बीमारी के कारण पिछले 20 दिन से दिल्ली में भर्ती हैं। उनकी गैरमौजूदगी में चंद्रभान क्लीनिक पर मरीजों का इलाज कर रहा था। क्लीनिक का पंजीकरण सीएमओ कार्यालय में नहीं पाया गया।
जो दवाइयां मरीजों को दी जा रही थीं, उन पर कोई एक्सपायरी डेट भी नहीं थी। डिप्टी सीएमओ व उनकी टीम ने मौके से छह प्रकार के इंजेक्शन जब्त किए। उन्होंने बताया कि क्लीनिक पर कोई प्रशिक्षित चिकित्सक या पैरामेडिकल स्टाफ मौजूद नहीं था।
बायोमेडिकल वेस्ट के निस्तारण की व्यवस्था व अग्निशमन भी नहीं थे। डिप्टी सीएमओ डॉ. बेलवाल ने कहा कि झोलाछाप बिना नाम व एक्सपायरी डेट की लिखी दवाइयां देकर मरीजों की जान से खिलवाड़ कर रहा है। उसके खिलाफ बिलारी थाने में मुकदमा दर्ज कराने के लिए तहरीर दी गई है।
घर में दफ्तर खोलकर फर्जी दस्तावेज बनाने वाला आरोपी गिरफ्तार
सिविल लाइंस थाने की पुलिस ने फर्जी दस्तावेज तैयार बनाने वाले आरोपी को गिरफ्तार किया है। उसने अपने घर में ही दफ्तर खोल रहा था, जहां खतौनी, आधार कार्ड और जमीन की फर्द में एडिट कर फर्जी दस्तावेज तैयार कर लेता था। पुलिस ने कंप्यूटर, मोबाइल समेत अन्य सामान बरामद किया है।
सिविल लाइंस पुलिस ने सोमवार को तहसील से दस्तावेज निकालकर दूसरों को खड़ा करके जमीन बेचने वाले गिरोह का खुलासा किया था। पकड़े गए आरोपियों में फुरकान निवासी मंसूरी काॅलोनी जयंतीपुर थाना मझोला, सलीम अहमद निवासी जाहिदपुर सीकमपुर थाना भगतपुर, महेंद्र सिंह निवासी देवीपुरा थाना भोजपुर शामिल थे।
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि उनके गिरोह के सदस्य तहसील से जमीनों के दस्तावेज निकलवा लेते हैं। इसके बाद साइबर कैफे से उनकी जमीन की खतौनी निकाल लेते हैं। इसके बाद से पुलिस कैफे संचालक की तलाश में जुटी थी। पुलिस ने मंगलवार को भगतपुर थाना क्षेत्र के जाहिदपुर सीकमपुर गांव निवासी रिहान अली गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस की पूछताछ में पता चला कि आरोपी फर्जी आधार कार्ड के साथ ही अन्य दस्तावेज तैयार करता था। पुलिस ने उसके पास से फर्जी दस्तावेज के साथ इलेक्ट्रानिक उपकरण बरामद किए गए हैं। इस गिरोह में शामिल अन्य लोगों की तलाश की जा रही है।
