संवाद न्यूज एजेंसी, जालौन
Updated Sun, 03 Nov 2024 12:25 AM IST
कुठौंद। पिता के साथ त्योहार मनाने घर आ रहे किशोर के बैग में रखे पटाखों में आग लग गई। आग से बचने के लिए वह चलते कंटेनर से कूद गया। जिससे सिर में चोट लगने से किशोर की मौत हो गई। जब उसका शव घर पहुंचा तो कोहराम मच गया। त्योहार की खुशियां मातम में बदल गई।
कुठौंद थाना क्षेत्र के बस्तेपुर गांव निवासी रविंद्र कुमार गुजरात के मानेसर में होंडा कंपनी में काम करते हैं। वह अपने 14 वर्षीय बेटे दीपेश के साथ बुधवार को दिवाली मनाने बस्तेपुर गांव आ रहे थे। वाहन न मिलने पर वह एक कंटेनर में सवार हो गए। उनके बैग में पटाखे भरे थे। जैसे ही कंटेनर हाईवे स्थित नगला राधे मोड के पास पहुंचा तो बैग में रखे पटाखों में अचानक आग लग गई।
इससे कंटेनर में बैठे लोगों में अफरा तफरी मच गई। दीपेश जान बचाने के लिए सड़क पर कूद गया। सिर में चोट लगने से वह गंभीर रूप से घायल हो गया। पिता रविंद्रद ने उसे अस्पताल पहुंचाया। लेकिन त्योहार के चलते उसे उचित इलाज नहीं मिल पाया। सरकारी अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया। पिता रविंद्र ने बताया कि वह अपने परिवार के साथ मानेसर में रहता है। दिवाली मनाने वह घर आ रहा था। दीपेश वहीं कक्षा नौ में पढ़ता था। उसकी मौत से त्योहार के दिन गांव में मातम छा गया। परिजनों का रो रोकर बुरा हाल है।