संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा
Updated Wed, 27 Sep 2023 11:33 PM IST
कासगंज। अपर सत्र न्यायाधीश के न्यायालय ने बालिका से दुष्कर्म के दोषी को सात साल की सजा सुनाई है। काेर्ट ने दोषी पर 50 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। जुर्माना अदा न करने पर सजा में एक साल के अतरिक्त कारावास का प्रावधान किया गया है। औरैया जनपद के एक गांव की निवासी बालिका 24 मार्च 2014 को अपने पिता, मां, बहन, भाई, मामा, मामी आदि के साथ बहादुर नगर आश्रम पर सत्संग के लिए आई हुई थी। 26 मार्च को सुबह लगभग 4 बजे आश्रम के शौचालय के बाहर से गायब हो गई। बालिका के गायब हो जाने पर परिजन चिंतित हो गए।उसकी तलाश शुरू की गई, लेकिन कुछ पता नहीं चला। पटियाली थाने में बालिका के गुम हो जाने का मामला दर्ज करा दिया। पुलिस ने बालिका को बरामद कर लिया। बालिका ने अपने बयान में दिलवर निवासी नगला मोहन, राजा का रामपुर एटा द्वारा अगवा कर गुजरात ले जाना तथा 9 दिन तक दुष्कर्म किए जाने का आरोप लगाया। पुलिस ने उसके खिलाफ पाॅक्सो एकट में मामला दर्ज किया। पुलिस ने उसे जेल भेज दिया। पुलिस ने विवेचना कर पत्रवली कोर्ट में पेश कर दी। एसपी सौरभ दीक्षित ने बताया कि पुलिस की प्रभारी पैरवी के चलते दिलवर दोषी सिद्ध हो गया। कोर्ट ने दोषी को सात साल की सजा व 50 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है।
