अलीगढ़ नगर निगम ने 18 करोड़ रुपये की भूमि विवाद में निगम के पूर्व मुख्य नगर अधिकारी डॉ. नंद किशोर और तत्कालीन संपत्ति अधिकारी/अवर अभियंता गय्यूर अहमद के खिलाफ थाना सिविल लाइंस में रिपोर्ट दर्ज कराई है। आरोप है कि दोनों ने पद का दुरुपयोग करते हुए नगर निगम की भूमि को निजी पक्ष के हित में प्रभावित किया। इससे करोड़ों रुपये की संपत्ति का नुकसान हुआ।
सहायक नगर आयुक्त वीर सिंह ने बताया कि यह मामला गाटा संख्या 3315, ग्राम कस्बा कोल स्थित लगभग एक बीघा तीन बिस्वा भूमि से जुड़ा है। यह भूमि वर्ष 1946-47 में विधिवत अधिग्रहण के बाद नगर पालिका (वर्तमान नगर निगम) के स्वामित्व में आई थी और अभिलेखों में नगर निगम की संपत्ति दर्ज है।
जांच में सामने आया कि दो अप्रैल 2002 को इस भूमि से संबंधित एक समझौता न्यायालय में प्रस्तुत किया गया। इसमें नगर निगम की भूमि का एक हिस्सा वादिनी पक्ष के हित में छोड़े जाने का उल्लेख है। यह समझौता न तो नगर निगम बोर्ड की स्वीकृति से हुआ और न ही शासन की अनुमति ली गई। उन्होंने कहा कि दोनों अधिकारियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने के साथ ही पेंशन रोकने की संस्तुति करते हुए शासन को पत्र भी भेजा जा रहा है। नगर आयुक्त प्रेम प्रकाश मीणा ने बताया कि इस मामले में जांच के दौरान यदि अन्य कोई व्यक्ति भी संलिप्त पाया गया तो उसके खिलाफ भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
