अमेठी। रबी फसलों की बोआई का समय चल रहा है। किसान को गेहूं, मटर आदि फसलों की बोआई के लिए खाद की ज्यादा जरूरत होती है। इसे देखते हुए बृहस्पतिवार को जिले को 27.50 सौ एमटी डीएपी खाद की रैक मिल जाएगी। इसके बाद समितियों के साथ ही इफको केंद्रों पर खाद भेजी जाएगी।
जिले में 78 समितियों के साथ चार इफको केंद्र जायस, अमेठी, मुसाफिरखाना व गौरीगंज में संचालित हैं। जहां से किसानों को खाद उपलब्ध कराई जाती है। जिले में खाद की कोई कमी न होने पाए इसके लिए विभाग इस बार पूरी तरह से सक्रिय है। यहां पहले से ही 15 हजार मीट्रिक टन यूरिया, 22 सौ मीट्रिक टन डीएपी (डाई अमोनियम फास्फेट), 14 सौ मीट्रिक टन एनपीके (नाइट्रोजन, फास्फोरस व पोटैशियम), 18 सौ मीट्रिक टन एसएसपी (सिंगल सुपर फास्फेट) व 130 मीट्रिक टन एमओपी (म्यूरेट आफ पोटास) मौजूद है।
किसानों को खाद की किल्लत से जूझना न पड़े, इसके लिए शुक्रवार को 27.50 मीट्रिक टन डीएपी खाद (60 हजार बोरी) की रैक पहुंच जाएगी। जिसके बाद सभी केंद्रों पर खाद भेजी जाएगी।
पर्याप्त मात्रा में है खाद
जिला कृषि अधिकारी रविकांत सिंह ने बताया कि जिले को 27.50 सौ मीट्रिक टन डीएपी बृहस्पतिवार को प्राप्त हो जाएगी। जिले में पर्याप्त मात्रा में खाद है। किसानों को खाद की किल्लत से जूझना नहीं पड़ेगा।
