बाजार शुकुल (अमेठी)। किशोरी को जिंदा जलाने के मामले में शुक्रवार को पुलिस ने एक आरोपी को हिरासत में ले लिया है, अन्य की तलाश में पांच टीमें गठित की गईं हैं। अयोध्या परिक्षेत्र के पुलिस महानिरीक्षक प्रवीण कुमार ने पहुंचकर पूरे मामले की जानकारी हासिल की है।
कस्बे में बुधवार की शाम एक किशोरी को जिंदा जलाने का मामला आया था। इस मामले में किशोरी के पिता ने पांच नामजद व तीन अज्ञात के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था। आरोप लगाया था कि उसकी बेटी के साथ छेड़छाड़ की जाती थी। शिकायत के बाद उस पर कार्रवाई नहीं की गई। जिसके कारण यह वारदात की गई है। इस आरोप के बाद पुलिस सकते में आ गई। हालांकि पुलिस अधिकारियों ने उसी वक्त कहा था कि पीड़ित ने इस संबंध में कभी कोई शिकायत नहीं की थी।
शुक्रवार की सुबह एसपी डॉ. इलामारन जी बाजारशुकुल थाने पर पहुंच गए। उन्होंने एक-एक बिंदु की जांच की। इसके बाद किशोरी के परिजनों से जानकारी हासिल की। दोपहर में अयोध्या परिक्षेत्र के पुलिस महानिरीक्षक प्रवीण कुमार भी क्षेत्र में पहुंचे। उन्होंने मामले में एसपी से जानकारी ली, साथ ही आवश्यक निर्देश दिए।
एसपी डॉ इलामारन जी ने बताया कि इस मामले में एक आरोपी को हिरासत में लिया गया है। कई महत्वपूर्ण तथ्य हाथ लगे हैं। अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है। पुलिस की टीमें लगाई गई हैं।
पुलिस महानिरीक्षक प्रवीण कुमार ने कहा कि प्रकरण को गंभीरता से लिया गया है। पांच टीमें लगाई गई हैँ। एसपी को स्वयं प्रकरण पर नजर रखने को कहा गया है। घटना में जो भी दोषी मिलेंगे, सख्त कार्रवाई की जाएगी।
पढ़ने में थी होनहार
जिस स्कूल में किशोरी पढ़ती थी, वहां के प्रधानाचार्य का कहना है कि किशोरी पढ़ने में काफी तेज थी। छठवीं से स्कूल में पढ़ाई कर रही थी। हाईस्कूल में करीब 70 प्रतिशत अंक मिले थे। कक्षाध्यापक का कहना है कि क्लास में उसका सभी से अच्छा बर्ताव था। उसने किसी तरह की समस्या की बात किसी से शेयर नहीं की।
हमार तो सब कुछ उजरि गवा
किशोरी के पिता से जब घटना के बारे में पूछा गया तो उसका कहना था कि भइ्या अब हम का कही, हमार तो सब कुछ उजरि गवा। हमार फूल जैसी बिटिया चली गय। हम का करि। बताया कि उसके भतीजे को थाने पर बुलाकर अधिकारियों ने कुछ जानकारी ली है।
हो त्वरित कार्रवाई
कांग्रेस जिलाध्यक्ष प्रदीप सिंघल ने मौके पर पहुंचकर परिजनों से जानकारी हासिल की। कहा कि इस मामले में पुलिस को त्वरित कार्रवाई करनी चाहिए। घटना में शामिल लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाय।
