बरेली में कैनविज कंपनी के मालिक कन्हैया गुलाटी के खिलाफ ठगी के 35 से ज्यादा मामले दर्ज हो चुके हैं। एसएसपी समेत अन्य अधिकारियों के पास ठगी की शिकायतों की भरमार थी। ऐसे में बारादरी थाना प्रभारी धनंजय पांडेय ने एक संयुक्त रिपोर्ट वादी के तौर पर अपने ही थाने में दर्ज कराई है। इसमें कन्हैया गुलाटी व उसके परिजनों, गुर्गों और एजेंटों को मिलाकर करीब 42 आरोपी हैं। पीड़ित निवेशकों व शिकायतकर्ताओं की संख्या 113 है। बता दें कि कन्हैया गुलाटी और उसकी कंपनी पर करोड़ों रुपये की ठगी का आरोप है। गुलाटी के खिलाफ दर्ज मामलों की जांच के लिए एसआईटी गठित की गई है। गुलाटी के खिलाफ लुकआउट नोटिस भी जारी हो चुकी है। हालांकि पुलिस अभी तक किसी भी आरोपी को गिरफ्तार नहीं कर पाई है।
एक दिन पहले फरीदपुर थाने में दर्ज कराई गई थी रिपोर्ट
कन्हैया गुलाटी और उसके एक गुर्गे के खिलाफ फरीदपुर कोतवाली में सोमवार को एक रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। इस मामले में दोनों पर दिल्ली-लखनऊ हाईवे पर गांव अंधरपुरा में कैनविज कॉलोनी में प्लॉट बेचने के नाम पर ठगी का आरोप है। इज्जतनगर थाना क्षेत्र के सुरेश शर्मा नगर निवासी गीता गुप्ता ने फरीदपुर थाने में तहरीर में बताया कि उन्होंने कैनविज समूह के मालिक कन्हैया गुलाटी की कंपनी कैनविज इंफ्रा कॉरपोरेशन इंडिया लिमिटेड के अधिकृत हस्ताक्षरी गुलाब नगर निवासी सूर्य प्रकाश से कैनविज विलेज वैली प्रोजेक्ट हृदयपुर उर्फ अंधरपुरा में 159 वर्ग मीटर का प्लॉट खरीदा था। प्लॉट पर आज तक उनको मलिकाना हक नहीं दिया गया है।
उन्होंने कई बार कन्हैया गुलाटी से संपर्क किया, लेकिन वह आश्वासन देता रहा। प्लॉट पर कब्जा देने या फिर रुपये वापस करने के लिए कहा तो गाली-गलौज की और जान से मारने की धमकी दी। गीता गुप्ता का कहना है कि काफी समय से कैनविज कंपनी का कार्यालय भी बंद है। निदेशक या अन्य किसी अधिकृत अधिकारी से बात भी नहीं हो रही। इस कारण वह मानसिक रूप से तनाव में हैं। इंस्पेक्टर फरीदपुर राधेश्याम ने बताया कि कन्हैया लाल गुलाटी और सूर्य प्रकाश के खिलाफ ठगी व धोखाधड़ी की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है।