झांसी। कोतवाली के बंगलाघाट मोहल्ला निवासी शातिर जालसाज ने ट्रेवल एजेंसी के बहाने करीब 50 लोगों से चार पहिया वाहन लेकर औने-पौने दाम पर दूसरों को थमा दिए। कुछ महीने तक वाहन मालिकों को जालसाज पैसे देता रहा, लेकिन करीब तीन माह से पैसा देना बंद कर दिया। वाहन मालिक उसके घर के चक्कर काट रहे थे। शुक्रवार देर रात जालसाज घर को खाली करके लापता हो गया। इसकी भनक लगने पर कई वाहन मालिक शनिवार सुबह कोतवाली पहुंच गए। वह जीपीएस के सहारे वाहन मालिक अपना वाहन तलाशते रहे।
कोतवाली निवासी प्रमोद साहू, सौरभ साहू, दीपेंद्र समेत अन्य भुक्तभोगियों ने बताया कुछ साल पहले उनकी मुलाकात जालसाज से हुई थी। आरोपी ने सरकारी विभाग में वाहन लगाने का झांसा दिया। घर बैठे हर माह 20-30 हजार रुपये की आमदनी कराने की बात कही। उसके बहकावे में आकर लोगों ने करारनामा करके चारपहिया वाहन उसके हवाले कर दिए। जालसाज ने उनसे वाहन लेकर दो-ढाई लाख में इसे दूसरों को थमा दिया। कुछ माह तक जालसाज वाहन मालिकों को पैसे देता रहा लेकिन, करीब तीन महीने से पैसा देना बंद कर दिया। वाहन मालिक उसके घर के चक्कर लगा रहे थे।
शुक्रवार रात घर खाली करके वह भाग निकला। इसके बाद वाहन मालिक कोतवाली, नवाबाद, रक्सा थाना में जुटने शुरू हुए। खोजबीन शुरू हुई तब देर रात एक वाहन नवाबाद एवं रक्सा में खड़े कराए गए। कोतवाल राजेश पाल का कहना है कि कुछ वाहन मालिक शिकायत लेकर पहुंचे हैं। मामले की छानबीन की जा रही है।