{“_id”:”696d4cffdad3efb9630f6b9b”,”slug”:”conspiracy-to-destroy-evidence-they-bought-150-kg-of-wood-and-had-their-son-bring-a-box-jhansi-news-c-11-1-jhs1019-723115-2026-01-19″,”type”:”story”,”status”:”publish”,”title_hn”:”साक्ष्य मिटाने की साजिश : डेढ़ क्विंटल लकड़ियां खरीदीं, बेटे से मंगवाया था बक्सा”,”category”:{“title”:”City & states”,”title_hn”:”शहर और राज्य”,”slug”:”city-and-states”}}

झांसी। आरोपी राम सिंह ने पकड़े जाने के बाद उसने कई राज उगले। पुलिस की छानबीन में यह बात मालूम चली कि पूरी प्लानिंग से उसने हत्या की थी। पुलिस से बचने के लिए हत्या के बाद सबूत मिटाने की कोशिश की। 10 जनवरी की शाम सीपरी बाजार इलाके में स्थित मुक्तिधाम से अपने नाम की रसीद कटाकर डेढ़ क्विंटल लकड़ियां खरीदी थी। मुक्ति धाम से पुलिस को इसकी रसीद भी मिली है। लकड़ियां लेकर वह खुद घर आया। इसके बाद अपने बेटे नितिन से लोहे का बड़ा बक्सा मंगवाया। नितिन ने चित्रा चौराहे के पास से यह बक्सा खरीदा। नितिन के बक्सा लेकर पहुंचने पर राम सिंह ने उसे बाहर से ही भेज दिया। नितिन मिनर्वा चौराहे पर वाहन स्टैंड पर ड्यूटी करता है। राम सिंह ने उसे दूसरे दिन भी बुलवाया था लेकिन ड्यूटी पर होने की वजह से वह नहीं गया। इसके बाद शनिवार को नितिन अपने साथ चार लोगों को लेकर गया। तब राम सिंह प्रीति के शव को काफी हद तक नष्ट कर चुका था। पड़ोस के लोगों को शक न हो इसके लिए शातिर राम सिंह आधी रात के बाद उसे जलाता था। उस दौरान तेज ठंड होने से आसपास के लोग अंदर कमरों में सोए रहते थे। कुछ पड़ोसियों ने दुर्गंध होने का कारण पूछा तो कूड़ा करकट जलाने की बात कहकर उसने इसे टाल दिया। निरीक्षक विनोद मिश्रा के मुताबिक इस आधार पर आरोपी के खिलाफ हत्या के साथ साक्ष्य मिटाने की धाराएं भी जोड़ी जाएंगी। फॉरेंसिक टीम ने भी घटनास्थल से महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए हैं।
