संवाद न्यूज एजेंसी, इटावा
Updated Wed, 08 Nov 2023 12:00 AM IST
इटावा। प्रदूषण फैलाने वाली इटावा व सैफई डिपो की 13 बसों का दिल्ली में प्रवेश प्रतिबंधित किए जाने से दिवाली पर अच्छी आय होने की उम्मीद लगाने वाले परिवहन निगम को झटका लगा है। अधिकारी उम्मीद लगाए थे कि दिवाली के त्योहार को देखते हुए कुछ समय के लिए बसें प्रतिबंधित किए जाना शायद टल जाए। लेकिन ऐसा हुआ नहीं।
एआरएम डीएम सक्सेना ने बताया कि वर्तमान में परिवहन निगम की इटावा डिपो की 77 में से 22 और सैफई डिपो की 21 में से आठ बसें दिल्ली जा रहीं थीं। लेकिन अब प्रदूषण फैलाने वाली यानी बीएस- 6 से नीचे की इटावा डिपो की 11 व सैफई डिपो की दो बसें दिल्ली के अंदर प्रवेश नहीं कर सकेंगी। यानी जनपद के दोनाें डिपो की 13 बसें अब दिल्ली में आनंद विहार व सराय काले खां नहीं जा सकेंगी।
दिल्ली जाने वाली शेष 17 बसें अब यूपी के बॉर्डर कौशांबी और बदरपुर तक जाएंगी। एनसीआर क्षेत्र में 10 साल से कम अवधि की बसें ही प्रवेश कर सकेंगी। बताया कि रोडवेज बस के तीन मॉडल हैं इनमें बीएस- 3, बीएस-4 व बीएस- 6 मॉडल शामिल हैं। शुरू में यूरो-1 मॉडल से शुरूआत हुई थी। जो बाद में बीएस-1, बीएस-2 के बाद बढ़ता गया। बढ़ते प्रदूषण पर रोक लगाने यानी बसों के धुएं का असर कम करने के लिए उसे धीरे-धीरे रेग्यूलेट करके कम किया गया। अब बीएस- 6 पर आ गए हैं। अब दिल्ली में सिर्फ बीएस-6 मॉडल की बसें जाएंगी जो प्रदूषण रहित हैं।
