इटावा। जिला अस्पताल की लैब से पिछले तीन दिनों में एलाइजा जांच से 31 मरीजों में डेंगू की पुष्टि हुई है। कुल मिलाकर जिले में अब तक डेंगू के 231 मरीज निकल चुके हैं।
10, 11 व 12 अक्तूबर को पैथोलॉजी लैब से डेंगू की एलाइजा जांच के लिए सैफई मेडिकल कॉलेज 33 सैंपल भेजे गए थे। इनमें 31 की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। सोमवार को पैथोलॉजी लैब में 64 मरीजों की एनएस-1 जांच हुई। इनमें से 18 में डेंगू के लक्षण मिले। जिले में अब तक डेंगू के लक्षण वाले मरीजों की संख्या 344 हो गई है।
सोमवार को डेंगू के लक्षण वाले मरीजों में चितभवन की शमशुल बेगम, मानिकपुर मोड़ की भारती, हरदासपुरा की विमला देवी, जसवंतनगर की संध्या, सकरौता की पूजा, औरैया के प्रवीन, नगला गहलौत की उर्मिला, परासनी के प्रिंस, पुलिस लाइन के भजन लाल, लुहन्ना चौराहा के याकूब, दीपाली, सियाबेटी, मामन के कार्तिक समेत अन्य पांच मरीज शामिल हैं।
अक्तूबर महीने के 16 दिन में 823 मरीजों ने डेंगू की जांच कराई। इनमें डेंगू के लक्षण वाले मरीजों की संख्या 158 पहुंच गई है। यानी अक्तूबर का महीना डेंगू के लिहाज से सबसे चिंताजनक महीना साबित हो रहा है।
जिला अस्पताल के संक्रामक वार्ड में डेंगू के लक्षण वाले 20 मरीज भर्ती हैं, दो नए मरीज सोमवार को भर्ती हुए। इसी प्रकार महिला व शिशु वार्ड में बुखार के 16 मरीज भर्ती हैं, इनमें तीन बच्चे व 13 महिलाएं शामिल हैं।
रेडियोलॉजिस्ट गए थे कोर्ट, नहीं हुए अल्ट्रासाउंड
जिला अस्पताल में अल्ट्रासाउंड कराने आए मरीज अल्ट्रासाउंड न होने की वजह से काफी परेशान रहे। ऐसा रेडियोलॉजिस्ट डॉ.पारितोष शुक्ला के कोर्ट के काम की वजह से न आने की वजह से स्थिति उत्पन्न हुई। मरीजों की जानकारी के लिए अल्ट्रासाउंड कक्ष के बाहर बोर्ड पर संबंधित सूचना लिखी थी।
