
डीए कार्यालय गेट पर भाकियू संग किसान नारेबाजी करते हुए
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सिंधु बॉर्डर पर किसानों पर लाठीचार्ज व फायरिंग की घटना के विरोध में भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) से जुड़े किसानों ने 21 फरवरी को कलेक्ट्रेट गेट के सामने प्रदर्शन कर नारेबाजी की। इसके बाद किसान सड़क पर ही धरने पर बैठ गए। डीएम के ज्ञापन लेने नहीं आने से गुस्साए किसानों ने ट्रैक्टर आदि अवरोधक लगाकर सड़क जाम कर दी। उन्होंने कहा कि यदि उनकी मांगों को नहीं माना गया तो वह पूरे जनपद को जाम कर देंगे। करीब दो घंटे तक किसानों का प्रदर्शन चला। वहीं, जाम लगने से वाहन चालक परेशान रहे।

भाकियू टिकैट गुट के जिलाध्यक्ष सुंदर सिंह बाल्यान ने कहा कि सरकार ने एमएसपी पर दिए गए आश्वासन को अब तक पूरा नहीं किया है। एमएसपी पर गारंटी सहित अपनी अन्य मांगों को लेकर दिल्ली प्रदर्शन करने जा रहे पंजाब, हरियाणा के किसानों पर सरकार बल प्रयोग कर रही है। यह अनुचित है। उन्होंने कहा कि हमारी मांग है कि सरकार एमएसपी पर गारंटी दे। किसानों का कर्ज माफ करने सहित अन्य मांगों को पूरा करे। वक्ताओं ने एलान किया कि यदि उनकी मांगों को नहीं माना गया तो आंदोलन पूरे जिले में शुरू होगा। इस दौरान किसानों ने 15 सूत्री मांगों को लेकर ज्ञापन एसीएम प्रथम विनीत मिश्रा को सौंपा।

धरने में प्रदेशाध्यक्ष राजपाल शर्मा, प्रदेश महासचिव युवा मनु बाल्यान, मंडल अध्यक्ष विमल तोमर, जिला प्रवक्ता विजय सिंह, काका सुगड़ सिंह, वीर करन फौजी, बाजीराव गौतम, वरिष्ठ मंडल उपाध्यक्ष धर्मेंद्र कुमार, मंडल महासचिव, श्यौरान, खैर तहसील अध्यक्ष वीरेंद्र सिंह, गभाना तहसील अध्यक्ष भोला चौधरी, अतरौली तहसील अध्यक्ष वीरकरण फौजी, जगदीश यादव, जिला उपाध्यक्ष देवेंद्र यादव, लवलेश यादव, जिला प्रवक्ता विजय सिंह, खैर नगर अध्यक्ष विजय सिंह आदि लोग मौजूद रहे।
