फतेहपुर। धर्मपरिवर्तन के मामले में फरार चल रहे चार आरोपियों के खिलाफ कोर्ट के आदेश की अवहेलना करने पर मुकदमा दर्ज किया गया है। आदेश के बाद भी आरोपी कोर्ट में हाजिर नहीं हुए। कोर्ट के आदेश पर आरोपियों के खिलाफ संपत्ति कुर्क की नोटिस जारी की गई थी। पुलिस ने आरोपियों के ठिकानों पर नोटिस चस्पा कर दी थी।
सदर कोतवाली क्षेत्र के हरिहरगंज स्थित ईसीआई चर्च में 14 अप्रैल 2022 को सामूहिक धर्म परिवर्तन का मामला सामने आने के बाद मुकदमा दर्ज हुआ था। विवेचना के दौरान प्रयागराज स्थित शुआट्स के कुलपति डाॅ. आरबी लाल समेत कई नाम सामने आए। कुलपति समेत कई आरोपियों की गिरफ्तारी पर सुप्रीम कोर्ट से रोक लगी है। मामले में करीब 30 से अधिक लोग जेल जा चुके हैं। करीब 14 आरोपी फरार चल रहे हैं। मामले की विवेचना एसआईटी कर रही है।
कोर्ट ने आरोपियों के हाजिर न होने पर गैरजमानती वारंट जारी किया था। वारंट के बाद आरोपी हाजिर नहीं हुए। कोर्ट ने फरार आरोपियों के खिलाफ कुर्की की नोटिस जारी की। एसआईटी ने आरोपियों के ठिकानों पर नोटिस चस्पा की और आरोपियों को हाजिर होने की अंतिम चेतावनी जारी की। इसके बाद आरोपी हाजिर नहीं हुए।
हरिहरगंज चौकी प्रभारी दिनेश कुमार सिंह ने मिर्जापुर जिले के कछवा थानाक्षेत्र के रमापुर निवासी नीरज कुमार चौधरी, इंडियन प्रेस बिटेरियन चर्च के पादरी विमल कुमार ढिल्लू, जैदून मोहल्ला निवासी अरशद उल्ला की पत्नी सलमा बेगम, ब्राडवेज क्रिश्चियन मिशन हाॅस्पिटल के एकाउंटेंट परमिंदर सिंह की पत्नी श्वेता सिंह के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है। आरोप है कि आरोपी जानबूझकर न्यायालय के आदेश की अवहेलना कर रहे हैं। कोतवाल एसबी सिंह ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज की गई है।
