करहल। गांव किरथुआ में एक दुकान में इफको के नाम पर नकली डीएपी बनाने वाले पर पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर ली है। डीएम के आदेश पर जिला कृषि अधिकारी ने तहरीर दी थी। रविवार को प्रशासन और कृषि विभाग ने संयुक्त कार्रवाई में नकली डीएपी बनाने के कारोबार का भंडाफोड़ किया था।
किरथुआ में गांव के बाहर भट्ठे के पीछे खरौली निवासी प्रशांत उर्फ मटरू एक दुकान में नकली डीएपी बनाने का कारोबार चल रहा है। सूचना पर एसडीएम नीरज द्विवेदी और जिला कृषि अधिकारी डॉ. सूर्यप्रताप और पुलिस बल के साथ रविवार को शाम सात बजे के करीब दुकान पर छापा मारा। यहां से इफको कंपनी की डीएपी की 173 खाली बोरियां, एनपीके की 50 खाली बोरियां, सिलाई मशीन, तौल मशीन, छटनी और 21 भरी हुई बोरियां मिलीं थीं। दो नमूने लेने के बाद परिसर को सील कर दिया गया था।
वहीं नकली डीएपी का कारोबार करने वाले के विरुद्ध एफआईआर दर्ज कराने के लिए पत्रावली जिलाधिकारी को भेजी गई थी। जिलाधिकारी के आदेश के बाद सोमवार को जिला कृषि अधिकारी ने करहल थाने में आरोपी प्रशांत उर्फ मटरू निवासी खरौली के विरुद्ध एफआईआर दर्ज कराया है। पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर आरोपी की तलाश शुरू कर दी है।
कृषि विभाग ने बढ़ाई सतर्कता
डीएपी की अधिक मांग होने के चलते नकली डीएपी का कारोबार बढ़ने की आशंका है। किरथुआ में नकली डीएपी की फैक्टरी पकड़े जाने के बाद कृषि विभाग ने सतर्कता बढ़ दी है। जिला कृषि अधिकारी डॉ. सूर्यप्रताप सिंह ने सभी विभागीय अधिकारियों और कर्मचारियों को क्षेत्र में जानकारी रखने के निर्देश दिए हैं। अगर कहींं भी कुछ संदिग्ध मिलता है तो तत्काल सूचित करने के लिए कहा है।
