जाने माने बांसुरी वादक पंडित हरि प्रसाद चौरसिया बोले- जो लोग कल्चर का अर्थ नहीं जानते, वह संस्कृति और संगीत विभाग का नेतृत्व कर रहे हैं। आने वाली पीढ़ी को वह समृद्ध सांस्कृतिक चेतना और विरासत से कितना जोड़ पाएंगे, इसका अंदाजा लगाया जा सकता है।

पंडित हरि प्रसाद चौरसिया, बांसुरी वादक।
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बांसुरी की तान से भारतीय संगीत का विश्व पटल पर डंका बजाने वाले पद्मविभूषण पं. हरि प्रसाद चौरसिया बेसुरे दौर से बेहद आहत हैं। वह कहते हैं, संगीत को बेसुरा बनाने की होड़ है। यह चिंता का विषय है। मेरे हाथ में बंदूक होती तो मैं ऐसे लोगों को गोली मार देता।
