सदर सांसद जय प्रकाश और आबकारी मंत्री नितिन अग्रवाल के बीच पिछले लगभग दो साल से चल रहे गतिरोध को खत्म करने की पहल पूर्व सांसद भाजपा नेता नरेश अग्रवाल ने की है। उन्होंने कहा कि जय प्रकाश को सांसद मैंने बनाया तो कहने का हक भी मेरा है। कहा कि परिवार एक होता है तो ताकत ज्यादा होती है। यह भी कहा कि जय प्रकाश मेरे विरोधियों को साथ में बैठाने की राजनीति का फॉर्मूला छोड़ दें, जो लोग सांसद के साथ बैठते हैं वह भविष्य में कहां जाएंगे यह सबको पता है।
शहर के श्रीशचंद्र अग्रवाल बरात घर में आयोजित होली मिलन समारोह में नरेश अग्रवाल ने कहा कि कम से कम तीन बार तो जय प्रकाश को सांसद बनाने में अहम भूमिका रही। लोकतांत्रिक कांग्रेस से उन्हें सांसद बनाया फिर 2019 और 2024 में भी टिकट दिलाने से लेकर जिताने तक में भूमिका निभाई। कहा कि हरदोई में कुछ लोग कहते हैं कि नरेश अग्रवाल से बड़ा विरोध है लेकिन हमने किसी का मकान नहीं कब्जाया और न ही किसी का खेत जोत लिया। विवादित जमीनों के चक्कर में भी कभी नहीं रहा। नरेश अग्रवाल ने कहा कि विपक्ष होना जरूरी है और विपक्ष को कभी हलके में भी नहीं लेना चाहिए। समारोह के दौरान भाजपा जिलाध्यक्ष अजीत सिंह बब्बन, जिला पंचायत अध्यक्ष प्रेमावती, पीके वर्मा आदि मौजूद रहे। संचालन नगर पालिका के पूर्व अध्यक्ष राम प्रकाश शुक्ला ने किया।
उम्र और अनुभव में सांसद बड़े, मुझे माफी मांगने में संकोच नहीं
पत्रकारों से बातचीत में आबकारी मंत्री नितिन अग्रवाल ने कहा कि मुझे पता चला कि सांसद को मेरे पिता नरेश अग्रवाल से कोई शिकायत नहीं है। नरेश अग्रवाल को सांसद ने अपना बड़ा भाई बताया है। कहा कि सांसद ने कहा कि जो भी मतभेद है नितिन से है। नितिन अग्रवाल ने कहा कि सांसद मुझसे उम्र और अनुभव में बड़े हैं। अगर मेरी कोई बात खराब लगी थी या मुझसे कोई गलती हुई थी तो मुझे बताते। मुझे उनसे माफी मांगने में कोई संकोच नहीं लेकिन विवाद करने की स्थिति नहीं थी। हर समस्या का समाधान संवाद है। कहा कि मैंने और मेरे कार्यकर्ताओं ने पूरी मेहनत से उन्हें चुनाव लड़ाया और जिताया। हालांकि, बाद में नितिन अग्रवाल ने यह भी कहा कि मेरा कोई गतिरोध सांसद से नहीं है। हरदोई के विकास के लिए सभी को एक मंच पर आना चाहिए।
