साइबर थाने में दर्ज मामले में समझौता कराने के नाम पर युवक से तीन लोगों ने रुपये ले लिए। इसके बाद आरोपी रुपयों की मांगकर प्रताड़ित करने लगे। इससे परेशान होकर युवक ने फंदा लगा लिया। परिजनों ने उसे फंदे पर लटका देखा तो उतारकर मेडिकल कॉलेज लाए, यहां उसकी हालत गंभीर बनी हुई है। पिता की तहरीर पर पुलिस तीन के खिलाफ प्राथमिकी दर्जकर जांच शुरू कर दी।
कदौरा थाना क्षेत्र के मोहल्ला कटरा अस्तबल निवासी कल्लू ने रविवार को एएसपी को शिकायती पत्र दिया। बताया कि मेरे पुत्र मुरसलीम व दूर के रिश्तेदार फैजान ने एक्सिस बैंक हमीरपुर में एक खाता खुलवाया था। जिसमें दोनों के सिम व खाते का गलत का गलत इस्तेमाल किया गया। जब जानकारी हुई तो मुरसलीम व फैजान ने साइबर थाना उरई में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। जिसके बाद कल्लू हाजी जालौन व तालिब ने उसे उरई बुलाया और शहर के बजरिया निवासी शादाब खां से मिलवाया। इसके बाद मामला निपटाने के नाम पर मेरे बेटे से तीन लाख रुपये ले लिए। तीनों लोगों ने 21 फरवरी को तीन लाख रुपये की मांग की। रुपये न देने पर जेल भिजवा देने की धमकी दी। जिससे आहत होकर बेटे मुरसलीम ने फंदा लगा लिया। जानकारी पर वह उसे लेकर मेडिकल कॉलेज लेकर उरई पहुंचे, यहां उसकी हालत गंभीर बनी हुई है। पीड़ित की तहरीर पर पुलिस ने शादाब, कल्लू व तालिब के खिलाफ रिपोर्ट दर्जकर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है।
दरोगा की भूमिका संदिग्ध
प्रताड़ना से तंग आकर युवक ने आत्महत्या करने का प्रयास किया है। परिजनों का आरोप है कि तीनों आरोपी एक दरोगा का नाम लेकर उनसे रुपये की मांग कर रहे थे। वह लगातार यह कर रहे थे कि अगर रुपये नहीं मिले तो उसे जेल भिजवा दिया जाएगा। इसी बात को लेकर वह इतना ज्यादा परेशान हो गया कि उसने जान देने का प्रयास किया। जिस दरोगा का नाम लेकर रुपये की मांग की जा रही थी, पुलिस उसकी भी जांच करेगी।
मामला संज्ञान में आने के बाद युवक के पिता की तहरीर पर पुलिस ने तीनों के खिलाफ प्राथमिकी दर्जकर जांच शुरू कर दी है। – प्रदीप कुमार वर्मा, एएसपी
