
पर्वत सिंह बादल ( ब्यूरो चीफ जालौन)✍️ 🧶 🧶 🧶 🧶 🧶 🧶 (उरईजालौन) उरई: उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने बुंदेलखंड को बड़ी सौगात मिली है. जिस जिले को सरकार ने ये तोहफा दिया है, वह कोई और नहीं बल्कि वह जालौन है. बताया जा रहा है कि 57 नए केंद्रीय स्कूलों में जालौन का भी नाम है. 2017 से सदर विधायक गौरीशंकर वर्मा लगातार प्रयासरत थे. जब जालौन में केंद्रीय स्कूल बन जाएगा, तो जिले के स्टूडेंट्स के लिए अच्छी शिक्षा की व्यवस्था होगी.





57 केंद्रीय स्कूल खोलने को मंजूरी
ये केंद्रीय स्कूल उरई तहसील के बडेरा मौजा में बनाया जाएगा. आपको बता दें, केंद्रीय कैबिनेट ने देशभर के 17 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में 57 नए केंद्रीय स्कूल खोलने की मंजूरी दी है. जिन जिलों में पहले केंद्रीय विद्यालय नहीं थे, उनके अलावा आकांक्षी जिलों, वामपंथी उग्रवाद प्रभावित जिलों और पूर्वोत्तर और पहाड़ी क्षेत्रों में ये स्कूल ओपन होंगे.

अफोर्डेबल व हाई क्वालिटी वाली शिक्षा
इन नए स्कूलों से 87000 स्टूडेंट्स अफोर्डेबल और हाई क्वालिटी वाली शिक्षा हासिल कर पाएंगे. इससे 4600 एडिशनल टीचर पोस्ट भी भरी जाएंगी. इस योजना को पूरा करने के लिए 5,863 करोड़ रुपये इन्वेस्टमेंट किए जाएंगे. अभी देश में 1288 केंद्रीय स्कूल संचालित हो रहे हैं, जिसमें 14 लाख स्टूडेंट्स हाई क्वालीफाई शिक्षा हासिल कर रहे हैं. इसके अलावा 3 केंद्रीय स्कूल विदेश में भी हैं. ये स्कूल मकाउ, काठमांडू और तेहरान में हैं. नई शिक्षा नीति NEP 2020 के तहत ये सभी स्कूल शिक्षा दे रहे हैं.
उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने बुंदेलखंड को बड़ी सौगात मिली है. जिस जिले को सरकार ने ये तोहफा दिया है, वह कोई और नहीं बल्कि वह जालौन है. बताया जा रहा है कि 57 नए केंद्रीय स्कूलों में जालौन का भी नाम है. 2017 से सदर विधायक गौरीशंकर वर्मा लगातार प्रयासरत थे. जब जालौन में केंद्रीय स्कूल बन जाएगा, तो जिले के स्टूडेंट्स के लिए अच्छी शिक्षा की व्यवस्था होगी.
57 केंद्रीय स्कूल खोलने को मंजूरी
ये केंद्रीय स्कूल उरई तहसील के बडेरा मौजा में बनाया जाएगा. आपको बता दें, केंद्रीय कैबिनेट ने देशभर के 17 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में 57 नए केंद्रीय स्कूल खोलने की मंजूरी दी है. जिन जिलों में पहले केंद्रीय विद्यालय नहीं थे, उनके अलावा आकांक्षी जिलों, वामपंथी उग्रवाद प्रभावित जिलों और पूर्वोत्तर और पहाड़ी क्षेत्रों में ये स्कूल ओपन होंगे.
अफोर्डेबल व हाई क्वालिटी वाली शिक्षा
इन नए स्कूलों से 87000 स्टूडेंट्स अफोर्डेबल और हाई क्वालिटी वाली शिक्षा हासिल कर पाएंगे. इससे 4600 एडिशनल टीचर पोस्ट भी भरी जाएंगी. इस योजना को पूरा करने के लिए 5,863 करोड़ रुपये इन्वेस्टमेंट किए जाएंगे. अभी देश में 1288 केंद्रीय स्कूल संचालित हो रहे हैं, जिसमें 14 लाख स्टूडेंट्स हाई क्वालीफाई शिक्षा हासिल कर रहे हैं. इसके अलावा 3 केंद्रीय स्कूल विदेश में भी हैं. ये स्कूल मकाउ, काठमांडू और तेहरान में हैं. नई शिक्षा नीति NEP 2020 के तहत ये सभी स्कूल शिक्षा दे रहे हैं. केंद्र सरकार की जनपद जालौन को बड़ी सौगात, जनपद जालौन के उरई (बडेरा) में बनेगा केंद्रीय विद्यालय, अब शिक्षा के क्षेत्र में एक कदम अग्रणी होगा जालौन, कुल 57 नए केंद्रीय विद्यालयों की घोषणा में जनपद जालौन का नाम भी शामिल, इस को लेकर विगत 2017 से लगातार प्रयासरत थे उरई क्षेत्र सदर विधायक गौरी शंकर वर्मा, अब केंद्रीय विद्यालय बनने से जनपद जालौन एवं आसपास के विद्यार्थियों को मिलेगी अच्छी शिक्षा व्यवस्था, इस मौके पर सदर विधायक गौरी शंकर वर्मा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को धन्यवाद किया ज्ञापित, आपको बता दें कि जनपद जालौन के उरई में बडेरा मौजा में बनाया जाएगा केंद्रीय विद्यालय।केंद्रीय सरकार ने जालौन जिले को बड़ी सौगात देते हुए उरई के बडेरा मौजा में केंद्रीय विद्यालय खोलने की घोषणा की है। इस विद्यालय के खुलने से जालौन और आसपास के विद्यार्थियों को उच्च गुणवत्ता वाली शिक्षा मिलेगी। यह जानकारी सदर विधायक गौरी शंकर वर्मा ने दी, जिन्होंने 2017 से लगातार इस परियोजना के लिए प्रयास किया था।
केंद्रीय विद्यालय की विशेषताएं
– उच्च गुणवत्ता वाली शिक्षा*: केंद्रीय विद्यालय में छात्रों को राष्ट्रीय स्तर की शिक्षा प्रणाली और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी का मजबूत आधार मिलेगा।
– नए अवसर: इस विद्यालय के खुलने से ग्रामीण और शहरी क्षेत्र के छात्रों को समान अवसर मिलेंगे।
– क्षेत्रीय विकास: यह विद्यालय जिले की सामाजिक और शैक्षिक प्रगति में महत्वपूर्ण योगदान करेगा।
– अधिकारी और शिक्षकों की नियुक्ति: इस योजना के तहत 4600 अतिरिक्त शिक्षक पद भरे जाएंगे।
सरकार की पहल:
केंद्रीय कैबिनेट ने देशभर के 17 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में 57 नए केंद्रीय स्कूल खोलने की मंजूरी दी है। इस पहल से लगभग 87,000 छात्र उच्च गुणवत्ता वाली शिक्षा हासिल कर पाएंगे। इन स्कूलों को नई शिक्षा नीति 2020 के तहत संचालित किया जाएगा।
सदर विधायक गौरी शंकर वर्मा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का आभार व्यक्त किया है। इस निर्णय से जालौन जिले के हजारों विद्यार्थियों के भविष्य को नई दिशा मिलेगी
