सीबीआई की ओर से सीजीएसटी के तीन अफसरों को रिश्वत लेते पकड़े जाने के बाद से राज्य वस्तु एवं सेवा कर (एसजीएसटी) में भी हलचल मची हुई है। कई एसजीएसटी अफसर अचानक से छुट्टी पर चले गए। वहीं पिछले छह दिनों से सचल दल की प्रवर्तन कार्रवाई भी ठंडी पड़ी है। तमाम लंबित मामले निपटाए नहीं जा पा रहे। जुर्माना राशि भी वसूल नहीं हो रही जबकि वित्तीय वर्ष खत्म होने में महज तीन माह ही शेष हैं।
चालू वित्तीय वर्ष के लिए झांसी मंडल जीएसटी को 2500 करोड़ रुपये की टैक्स वसूली करनी है। अभी तक महज 1200 करोड़ रुपये की ही वसूली हो सकी है। तीन माह में जीएसटी को करीब 1300 करोड़ रुपये राजस्व वसूली करनी है लेकिन इसी दौरान सीबीआई ने सीजीएसटी के तीन अफसरों को रिश्वत लेते पकड़ लिया। अब इसका सीधा असर एसजीएसटी विभाग में दिखाई पड़ रहा है। पिछले छह दिनों से कार्यालय में सन्नाटा पसरा है। अपील एवं मध्यस्थता से जुड़े डेढ़ दर्जन से अधिक मामले अफसरों के यहां लंबित हैं। सचल दस्ते की कार्रवाई भी न के बराबर हो रही है। मंगलवार को भी जीएसटी कार्यालय से अधिकारी नदारद मिले। हालांकि एडिशनल कमिश्नर डीके सचान का कहना है कि सचल दस्ता लगातार कार्रवाई कर रहा है। उन्होंने इसको तेज करने की बात कही है।
