– अपर सत्र/विशेष न्यायाधीश (पाक्सो एक्ट) ने सुनाया फैसला
संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर। छह साल पुराने पाक्सो एक्ट के मामले में अपर सत्र/विशेष न्यायाधीश (पाक्सो एक्ट) मेराज अहमद ने एक आरोपी को सात साल कैद की सजा सुनाते हुए, 12 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया है। अभियुक्त नाबालिग को नौकरी का लालच देकर अपने साथ बहलाफुसला कर ले गया। इसके बाद उसके साथ दुष्कर्म किया।
विशेष लोक अभियोजक पॉक्सो एक्ट नरेंद्र सिंह गौर ने बताया किया, थाना महरौनी अंतर्गत निवासी पीड़ित ने पुलिस को 22 मार्च 2017 को तहरीर दी थी, जिसमें बताया कि उसकी 16 वर्षीय पुत्री विगत 15 मार्च से लापता है, उसके पास एक नंबर से 16 मार्च को फोन कर पुत्री को अपने पास होने का एक युवक ने बताया, इसके बाद उसी नंबर से उसकी पुत्री का रोते हुए फोन आया, जब जानकारी ली गई, तो यह नंबर कस्बा निवासी रामकुमार का पाया गया। इसके बाद पुलिस ने अभियुक्त के खिलाफ मामला दर्ज कर , किशोरी को बरामद कर लिया, चिकित्सक परीक्षण में दुष्कर्म की पुष्टि हुई। किशोरी ने बताया कि उसे नौकरी का लालच देकर अपने साथ ले गया था। पुलिस ने अभियुक्त के खिलाफ चार्जसीट दाखिल की, साक्ष्यों पर अभियोजक पक्ष के तर्कों को ध्यान में रखते हुए, रामकुमार को न्यायाधीश ने सात साल कैद की सजा सुनाते हुए, 12 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है।
