कासगंज। गंजडुंंडवारा में प्रसव के बाद महिला की मौत की गाज चिकित्सा अधीक्षक व स्टाफ नर्स पर गिरी है। अधीक्षक का स्थानांतरण कर दिया गया है। जबकि तीनों स्टाफ नर्स को केंद्र से हटाने के साथ ही मानदेय रोकने की कार्रवाई की गई है। हरियाणा निवासी अशोक पाल की पत्नी ममता (25 ) अपने मायके गजौरा में आई हुई थी। प्रसव पीड़ा होने पर उसे स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया था। यहां प्रसव के बाद अधिक रक्त स्राव हो जाने से महिला की मौत हो गई थी। इस मामले में प्रथम दृष्टया जांच में प्रसव कराने वाली स्टाफ नर्स बेबी, अर्चना व एक अन्य दोषी पाई गई हैं। इसके बाद तीनों स्टाफ नर्स को स्वास्थ्य केंद्र से हटा दिया गया है। इन तीनों का वेतन रोक दिया गया है। तीनों नर्स संविदा के तहत तैनात हैं। अन्य कार्रवाई के लिए जिला स्वास्थ्य समिति को संस्तुति भेजी गई है। समिति स्टाफ नर्स की संविदा के संबंध में कार्रवाई करेगी। अधीक्षक डॉ. मुकेश को केंद्र से हटाकर पटियाली स्थानांतरित कर दिया गया है।
रात में हुआ पोस्टमार्टम
कासगंज। महिला का रात में ही पोस्टमार्टम कराया गया। सीएमओ की देखरेख में तीन डॉक्टर के पैनल ने शव का पोस्टमार्टम किया। सुबह पांच बजे के बाद महिला के शव को परिजन को सौंप दिया गया। शव को परिजन उसकी ससुराल हरियाणा ले गए।
वर्जन
महिला की मौत के मामले में अधीक्षक को स्थानांतरित कर दिया गया है। तीनों स्टाफ नर्स को हटाकर वेतन रोका गया है। स्टाफ नर्सों पर कार्रवाई के लिए जिला स्वास्थ्य समिति को लिखा गया है। – डॉ. राजीव अग्रवाल, सीएमओ
