इटावा। नंदन कानन एक्सप्रेस में महिला को नशीला लड्डू खिलाकर 10 माह का बच्चा चुराने वाले को जीआरपी ने दादरी (नोएडा) से पकड़ लिया है। उसके पास से बच्चा भी रेलवे पुलिस को मिला है। पुलिस ने इस मामले में साढ़े तीन लाख में सौदा करने वाले दंपती को भी गिरफ्तार किया है। एसपी जीआरपी आगरा ने इस मामले का खुलासा करने वाली पुलिस टीम को 25 हजार का इनाम देने की बात कही है।
बुधवार दोपहर एसपी जीआरपी आगरा अनिल झा ने जीआरपी थाने में छह दिन पहले नंनद कानन एक्सप्रेस में हुए बच्चा चोरी मामले का खुलासा किया। उन्होंने बताया कि दादरी, गौतमबुद्ध नगर निवासी अशोक प्रजापति के 19 साल की बेटी है। बेटा न होने के कारण उन्हें एक लड़के की चाहत थी। इस दौरान उसकी मुलाकात तुलसी बिहार दादरी में रहने वाली बहन के देवर सोनू प्रजापति शिवनगर धल्ला थाना शिकारपुर बुलंदशहर से हुई।
साेनू ने अशोक प्रजापति व उसकी पत्नी पूनम प्रजापति को यह कहकर भरोसे में लिया कि एक महिला के छह लड़के हैं जिसमें से एक लड़का वह उसे दे देगा। इसके लिए साढ़े तीन लाख रुपये में सौदा हुआ। अशोक प्रजापति ने 1.10 लाख रुपये सोनू को एडवांस में दे दिए। अब सोनू एक लड़के को चोरी करने के प्रयास में रेलवे स्टेशन व बस स्टैंड पर चक्कर काटने लगा।
14 जनवरी को अलीगढ़ के थाना क्वार्सी के जीवनगढ़ पुलिया के पास स्थित मुहल्ला धोर्रामाफी के मोहम्मद राजू खान की पत्नी मुन्नी बेगम अपने 10 माह के बेटे इब्राहिम को लेकर नंदन कानन एक्सप्रेस से अपने मायके झारखंड के कोडरमा जा रही थी। सोनू भी उसी ट्रेन में सवार हो गया। महिला की सीट के पास ही बैठ गया। सोनू ने उसे नशीला लड्डू खिलाकर बेहोश कर दिया। उसके बाद बच्चे को लेकर फतेहपुर स्टेशन पर उतर गया।
मिर्जापुर स्टेशन के पास महिला को होश आया तो बच्चा नहीं था। तब उसने जीआरपी थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई थी, जिसे इटावा जीआरपी थाने में स्थानांतरित कर दिया गया था। पुलिस ने अपनी जांच में नंनद कानन एक्सप्रेस अलीगढ़ से जिन-जिन स्टेशनों पर रुकती है। वहां के सीसीटीवी कैमरे चेक किए। फुटेज में फतेहपुर रेलवे स्टेशन पर एक युवक बच्चे को लेकर उतरता हुआ दिखाई दिया।
टीम ने रेलवे स्टेशन समेत शहर के प्रमुख चौराहे व तिराहे पर लगे कैमरे खंगाले। इसमें आरोपी युवक कानपुर की बस में चढ़ता दिखाई पड़ा। एसपी ने बताया कि इसके बाद सोनू को सटीक सूचना पर दादरी से पकड़ा गया। सोनू की निशानदेही पर चोरी किया गया बच्चा दादरी से अशोक प्रजापति के घर से मिल गया।
