बरेली में लिक्विफाइड पेट्रोलियम गैस (एलपीजी) की किल्लत के बीच हॉस्टल में रहने वाले छात्रों, प्रवासी मजदूरों को राहत मिलने की उम्मीद है। प्रशासन इन्हें पांच किलो का छोटा गैस सिलिंडर मुहैया कराएगा। होटल, रेस्टोरेंट, ढाबों को कनेक्शन नहीं होने पर भी कॉमर्शियल सिलिंडर दिए जाएंगे।
पश्चिम एशिया में छिड़े युद्ध से एलपीजी की आपूर्ति प्रभावित है। इससे उद्यमियों, कारोबारियों समेत घर से दूर शहर में रह रहे छात्रों और मजदूरों को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। फैक्टरियों में कार्य कर रहे कई मजदूर घर लौट गए हैं। यही स्थिति छात्रों की भी है। इनके नियमित कनेक्शन नहीं होने की वजह से सिलिंडर नहीं मिल पा रहे थे। इस समस्या का संज्ञान लेकर शासन ने इन्हें पांच किलो का छोटा सिलिंडर मुहैया कराने का निर्णय लिया है।
इसके अलावा होटल, रेस्टोरेंट, ढाबा संचालकों को भी आंशिक राहत देने का निर्णय लिया है। जिनके पास व्यावसायिक कनेक्शन नहीं हैं, इनके कनेक्शन कराकर मासिक उपयोग के सापेक्ष 20 फीसदी सिलिंडर मुहैया कराए जाएंगे। यदि किसी होटल में हर माह 10 सिलिंडर लगते हैं तो उसे दो सिलिंडर दिए जाएंगे।