संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
Updated Tue, 19 Dec 2023 12:24 AM IST
रायबरेली। दहेज हत्या के एक मामले में कोर्ट ने पति समेत चार दोषियों को 10 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई। सभी आरोपियों पर 15-15 हजार रुपये अर्थदंड भी लगाया है। यह फैसला जिला एवं सत्र न्यायालय स्थित फास्ट ट्रैक कोर्ट संख्या दो के अपर सत्र न्यायाधीश राकेश कुमार तिवारी ने सुनाया।
अभियोजन पक्ष की ओर से पैरवी करने वाली एडीजीसी (क्रिमिनल) अल्का वाजपेयी के अनुसार घटना की रिपोर्ट मृतका के पिता मोहनगंज क्षेत्र के चौरा निवासी मैकूलाल ने थाना मिलएरिया में दर्ज कराई थी। रिपोर्ट के अनुसार मैकूलाल की बेटी निर्मला की शादी 20 अप्रैल 2007 को रामसजीवन के साथ की थी। दहेज में बाइक व नकदी न मिलने पर निर्मला को ससुराल वाले परेशान करते थे। उन्होंने सात मार्च 2014 को निर्मला की जलाकर हत्या कर दी।
आरोप लगाया कि मृतका की पुत्री अंतिम (4) व पुत्र सिद्धार्थ (2) को भी आग के हवाले कर दिया। आगे से झुलसे सिद्धार्थ ने मौके पर दम तोड़ दिया। अंतिम की इलाज के दौरान एक माह बाद मृत्यु हो गई। पुलिस ने विवेचना के बाद मृतका के पति राम सजीवन, सास देववती, देवर राम अवध व रामकरन के खिलाफ चार्जशीट कोर्ट में दाखिल की। कोर्ट ने दोनों पक्ष की बहस सुनने के बाद गवाहों के बयान व पोस्टमार्टम आदि से दोषसिद्ध होने पर सजा सुनाई।
