संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
Updated Sat, 03 Jun 2023 12:01 AM IST
रायबरेली। कस्बे में रायबरेली-प्रयागराज हाईवे की पटरी पर लगी 25 दुकानों को प्रशासन ने हटवा दिया। पॉलीथिन का प्रयोग करने वाले पांच दुकानदारों के खिलाफ जुर्माना लगाया गया है। अतिक्रमण हटाने के दौरान प्रशासन पर भेदभाव करने का आरोप लगा। दुकानदारों ने विरोध किया तो अधिकारियों से नोकझोंक हुई।
दो माह पहले लखनऊ-रायबरेली राष्ट्रीय राजमार्ग पर ओवरब्रिज के नीचे से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र तक प्रशासन ने अवैध अतिक्रमण को ध्वस्त कराया था। कुछ दिनों बाद ही दुकानदारों ने जगह-जगह सड़क की पटरी पर ठेला व जमीन पर दुकानें लगाना शुरू कर दिया। इससे राष्ट्रीय राजमार्ग पर दिन भर जाम की स्थिति बनी रहती है। समस्या को देखते हुए नगर पंचायत के अधिशासी अधिकारी ने तहसील प्रशासन से अतिक्रमण हटवाने की गुजारिश की। शुक्रवार की दोपहर एसडीएम सिद्धार्थ चौधरी, तहसीलदार अजय व कोतवाल बालेंदु गौतम नगर पंचायत के कर्मचारियों के साथ वहां पहुंचे और अतिक्रमण हटाना शुरू किया।
प्रशासन की कार्रवाई से दुकानदार आक्रोशित हो गए। तहसील प्रशासन पर आए दिन परेशान करने व अतिक्रमण हटाने में भेदभाव करने का आरोप लगाया। इसको लेकर तहसील के अधिकारियों व दुकानदारों के बीच बहस हो गई। दुकानदार शमशेर, नीरज अग्रहरि, सुशील मौर्य, सुरेश कुमार, जमील अहमद ने बताया कि नगर पंचायत व तहसील प्रशासन आए दिन अतिक्रमण हटाने के नाम पर परेशान करता है। अधिकारियों के चहेते दुकानदारों के साथ कार्रवाई नहीं की जाती है। अधिशासी अधिकारी ने बताया कि सड़क की पटरी से 25 दुकानें हटाई गई हैं। वहीं पॉलीथिन का प्रयोग करने वाले पांच दुकानदारों पर तीन हजार 500 रुपये जुर्माना लगाया गया है।
