रायबरेली। ग्रामीण स्तर पर स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने की तैयारी है। इसके लिए सीएचसी स्तर पर ब्लॉक पब्लिक हेल्थ यूनिटें (बीपीएचयू) स्थापित कराने का काम शुरू किया गया है। पहले चरण में ऊंचाहार के अलावा नसीराबाद और जतुआ-टप्पा सीएचसी को शामिल किया गया है। 1.27 करोड़ की लागत से भवन निर्माण कराए जाएंगे। ऊंचाहार में इसी सप्ताह भवन के निर्माण का काम शुरू हो जाएगा। ऐसा होने पर रोगियों के लिए सुविधाएं और बढ़ जाएंगी।
स्वास्थ्य विभाग के अवर अभियंता बीएन यादव ने बताया कि 15वें वित्त आयोग व प्रधानमंत्री आयुष्मान भारत हेल्थ इंफ्रास्ट्रक्चर मिशन के तहत ग्रामीण क्षेत्रों में जांच और इलाज से संबंधित सुविधाएं बढ़ाने की प्रक्रिया शुरू की गई है। जिले की सभी सीएचसी में बीपीएचयू यूनिट स्थापित होना है। पहले चरण में जिले की तीन सीएचसी को चुना गया है। इसके लिए प्रक्रिया तेज कर दी गई है। सारी औपचारिकताएं पूरी होने के बाद ऊंचाहार में जल्द ही भवन के निर्माण का काम शुरू होगा। नसीराबाद और जतुआ-टप्पा में भी प्रक्रिया तेज हो गई है। जल्द ही काम शुरू होगा। प्रत्येक भवन करीब 48 लाख रुपये की कीमत से बनवाया जाएगा।
ब्लॉक पब्लिक हेल्थ यूनिटों में हेल्थ लैब का निर्माण होगा। इसमें जांच, इलाज, टीकाकरण के साथ नियमित चलने वाले स्वास्थ्य कार्यक्रम होंगे। कंप्यूटर कक्ष के साथ ही दो हाल बनवाए जाएंगे। बीमारियों के नियंत्रण व रोकथाम के उपाय भी उपलब्ध होंगे। सीएचसी स्तर पर ब्लड की कई जरूरी जांचें नहीं हो पा रही हैं। यूनिटें स्थापित होने के बाद यह जांचे भी शुरू हो जाएंगी। इसके लिए मरीजों को निजी पैथालॉजी व जिला मुख्यालय के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे।
ब्लॉक पब्लिक हेल्थ यूनिटों के भवनों के निर्माण की प्रक्रिया शुरू होने के बाद साथ ही फर्नीचर आदि के लिए 17.88 लाख रुपये रिलीज कर दिए गए हैं। प्रत्येक यूनिट को फर्नीचर के लिए 5.96 लाख रुपये दिए गए हैं। सीएमओ ने अधीक्षकों को फर्नीचर आदि की व्यवस्था करके अस्पताल परिसर में यूनिट शुरू कराने के निर्देश दिए हैं। भवन बनने के बाद यूनिट नए भवन में संचालित होगी।
