
यूपी रेरा का दफ्तर
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बिल्डरों को परियोजनाओं का पंजीकरण कराते समय अब खुद के अलावा अपने किसी अधिकृत अधिकारी या प्रतिनिधि का नाम, फोन नंबर और ई-मेल आईडी की भी जानकारी उप्र रेरा में दर्ज करानी होगी। साथ ही इसकी जानकारी परियोजना में संपत्ति के खरीददारों को भी देनी होगी। जिससे बिल्डरों और खरीददारों के बीच निर्वाध पत्राचार किया जा सके । इसके लिए उप्र रेरा की ओर से सोमवार को नए सिरे से दिशा-निर्देश जारी किया गया है।
दरअसल पिछले दिनों हुई समीक्षा में पाया गया कि तमाम रियल इस्टेट कंपनियों और बिल्डरों द्वारा परियोजनाओं का रेरा में पंजीकरण कराते समय उलब्ध कराया गया फोन नंबर या तो काम नहीं कर रहे हैं या उपयोग में ही नहीं हैं। कुछ ऐसे भी प्रकरण सामने आए हैं कि जो फोन दर्ज कराया गया है, उसे कोई उठाता ही नहीं है। इस स्थिति में रेरा द्वारा बिल्डरों को पत्रचार करने में दिक्कत आ रही है। इसके मद्देनजर ही बिल्डरों, रेरा और खरीददारों के बीच पत्राचार की व्यवस्था को ठीक करने के लिए नया दिशा निर्देश जारी किया गया है।
उप्र रेरा के सचिव प्रमोद कुमार उपाध्याय की ओर से जारी निर्देश के मुताबिक बिल्डरों को रेरा में दर्ज कराए गए फोन नंबर को अनिवार्य रूप से उठाने और परियोजना से संबंधित हेल्पलाइन नम्बर को क्रियाशील रखने के निर्देश दिए गए हैं। इसके अलावा उप्र रेरा से पत्राचार के लिए बिल्डर द्वारा अधिकृत व्यक्ति का नाम, पदनाम, मोबाइल नम्बर, ई-मेल आईडी, आवासीय और कार्यालय का पता भी रेरा को उपलब्ध कराने को कहा गया है।
