
रायबरेली में रविवार को डलमऊ कस्बा में ट्रांसफार्मर खराब होने से बंद पड़ा कैनाल पंप। -संवाद
डलमऊ पंप कैनाल का ट्रांसफार्मर खराब होने से बढ़ी परेशानी
कैनाल से जुड़ी 435 किलोमीटर लंबी नहरों से एक लाख किसान करते सिंचाई
धान की फसल को अंतिम पानी की जरूरत, किसानों में बढ़ रही है नाराजगी
संवाद न्यूज एजेंसी
रायबरेली। डलमऊ पंप कैनाल में लगा पांच एमवीए का ट्रांसफार्मर खराब हो गया। इस वजह से सभी पंपों से पानी निकलना बंद हो गया। पंप बंद होने से इस कैनाल से जुड़ी नहरों से पानी ठप हो गया। ट्रांसफार्मर खराब होने पर सिंचाई खंड छह के अभियंताओं के हाथ पैर फूल गए। पूरा अमला पंप कैनाल पहुंचकर दूसरा ट्रांसफार्मर लगवाकर पंपों को चलाने का प्रयास कर रहा है।
डलमऊ पंप कैनाल से दीनशाह गौरा, डलमऊ, ऊंचाहार, सतांव, राही ब्लॉक क्षेत्र के करीब एक लाख से ज्यादा किसान सिंचाई करते हैं। मौजूदा समय में 10 पंप चलाने की डिमांड है। पंप की मशीनें कंडम होने के चलते पंप क्षमता से नहीं चल पा रहे हैं। पंप कैनाल में 20 पंप लगे हैं, जिसमें अधिकतम 14 पंप चलाए जा सकते हैं। इनको चलाने के लिए पांच-पांच एमवीए के दो ट्रांसफार्मर लगे हैं। रविवार की दोपहर एक ट्रांसफार्मर खराब हो गया। इससे सभी पंप से पानी निकलना बंद हो गया। डलमऊ पंप कैनाल से जुड़ी 80 नहरों का पानी थम गया। सिंचाई खंड छह के अभियंताओं ने तीन एमवीए का दूसरा ट्रांसफार्मर मंगा लिया है, लेकिन देर शाम तक एक भी पंप चालू नहीं हो सका है।
भाकियू नेता मनोज यादव, बच्चूलाल साहू, मनोज यादव, सुशील यादव, अरुण चौधरी ने बताया कि इस समय धान की फसल गाला में है। पानी मिल जाए तो बालियां बाहर आ जाए। पानी के अभाव में फसल सूख रही है। सिंचाई विभाग किसानों के समस्या के प्रति गंभीर नहीं है। उधर, सिंचाई खंड छह के अधिशासी अभियंता विनोद कुमार ने बताया कि पांच एमवीए का एक ट्रांसफार्मर खराब है। उसके स्थान पर तीन एमवीए का दूसरा ट्रांसफार्मर मंगा लिया गया है। उसे चालू करने का प्रयास किया जा रहा है। देर रात तक पंप चालू कर दिए जाएंगे।
