महाशिवरात्रि के लिए आगरा के शिवालयों में विशेष सजावट की गई है। ऐतिहासिक मंदिरों को व्यापक सफाई, रंग-रोगन के बाद आकर्षक रोशनी और फूल-मालाओं से सजाया गया है। शहर की चारों दिशाओं में स्थित प्राचीन कैलाश महादेव, पृथ्वीनाथ महादेव, राजेश्वर महादेव और बिल्वकेश्वर महादेव मंदिर में शनिवार को दिनभर तैयारियां चलती रहीं। रविवार को सुबह से ही श्रद्धालुओं की भीड़ मंदिर में उमड़ना शुरू हो गई। शहर के मध्य स्थित रावली महादेव मंदिर और श्रीमन: कामेश्वरनाथ मंदिर में भी बैरिकेडिंग के साथ अन्य इंतजाम किए गए हैं।
कैलाश महादेव मंदिर के महंत राजकुमार गोस्वामी गिरी ने बताया कि शनिवार रात 12 बजे से चार चरणों में रुद्राभिषेक रविवार सुबह तीन बजे तक हुए। सुबह चार बजे मंगला आरती के बाद दर्शन शुरू और कांवड़ चढ़ाने का क्रम शुरू हुआ। रविवार रात 10 बजे से सोमवार सुबह छह बजे तक चार प्रहर की आरती और अभिषेक की क्रियाएं संपन्न होगी। समापन पर फूलों की होली और विशेष भोग से होलिका उत्सव प्रारंभ होगा।
पृथ्वीनाथ महादेव मंदिर के महंत अजय राजौरिया ने बताया कि महाशिवरात्रि पर सूर्योदय के साथ विशेष आरती होगी। मंदिर में भव्य सजावट की गई है। शिव बरात मुख्य आकर्षण होगी। राजेश्वर महादेव मंदिर के महंत अनुज गोस्वामी ने बताया कि रविवार की शाम को भगवान शिव का भव्य डोला निकाला जाएगा और रात में भजन-कीर्तन होंगे।
बिल्वकेश्वर महादेव मंदिर के महंत सुनीलकांत नागर ने बताया कि इस बार शिवरात्रि पर मंदिर परिसर में शिवभक्तों को द्वादश ज्योतिर्लिंग के दर्शन होंगे। शाम को कमला नगर से मंदिर तक भव्य शिव बरात निकाली जाएगी। वहीं श्रीमन:कामेश्वर महादेव मंदिर के महंत योगेश पुरी ने बताया कि महाशिवरात्रि को बाबा की पांच प्रहर विशेष पूजा अर्चना होगी। सुबह बाबा की भव्य बरात निकाली जाएगी। बाबा दूल्हे के रूप में भक्तों को दर्शन देंगे। वहीं अंतिम प्रहर में श्रद्धालु अबीर गुलाल से बाबा के संग होली उत्सव का आनंद लेंगे। सभी मंदिरों में रुद्राभिषेक, भजन-कीर्तन और विशेष आरतियों से वातावरण भक्तिमय रहेगा।