चुनाव आयोग से अनुमति मिलने पर डीएम ने तहसीलदार प्रवीण कुमार को ठाकुरद्वारा से हटाकर बिलारी भेज दिया है। आरोप था कि तहसीलदार भाजपा नेता की गाड़ी में बैठकर खनन के वाहनों की चेकिंग करते थे।
तहसीलदार प्रवीण कुमार पर आरोप था कि वह भाजपा नेता की गाड़ी में बैठकर उत्तराखंड से आने वाले खनन के डंपरों की चेकिंग कर रहे थे। स्थानीय लोगों ने इसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया। इस मामले में डीएम ने एडीएम वित्त एवं राजस्व को जांच करने के निर्देश दिए।
इस बारे में तहसीलदार का कहना था कि उनकी गाड़ी खराब हो गई थी। इस कारण भाजपा नेता की गाड़ी से लिफ्ट ली थी। डीएम ने आरोप को गंभीर मानते हुए तहसीलदार के वेतन आहरण पर रोक लगा दी।
साथ ही शासन को भी कार्रवाई के लिए रिपोर्ट भेजी थी। तहसीलदार प्रवीण कुमार एसआईआर में भी कार्य कर रहे थे। इसलिए करीब एक माह पूर्व किए गए तबादले के आदेश को चुनाव आयोग से अनुमति न मिलने के कारण निरस्त कर दिया गया था।
अब चुनाव आयोग से अनुमति मिलने के बाद प्रवीण कुमार को बिलारी का तहसीलदार बनाया गया है। तहसील सदर के तहसीलदार धीरेश कुमार सिंह को ठाकुरद्वारा भेजा गया है।
तहसीलदार अंकित गिरी को बिलारी से तहसील सदर के लिए स्थानांतरित किया गया है। तबादले की पुष्टि एसडीएम प्रीति सिंह ने की है।
