संवाद न्यूज एजेंसी, जालौन
Updated Sat, 09 Nov 2024 12:32 AM IST
उरई। किशोरी से दुष्कर्म के मामले में दोष सिद्ध होने पर न्यायाधीश ने दोषी को बीस साल की सजा सुनाकर 60 हजार रुपये अर्थदंड लगाया। अर्थदंड अदा न करने पर दस माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना पड़ेगा।
चुर्खी थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी पिता ने 24 अप्रैल 2017 को थाना पुलिस को तहरीर देकर बताया था कि उसकी नाबालिग बेटी को जालौन कोतवाली क्षेत्र के ग्राम सहाव निवासी अर्जुन 11 अप्रैल 2017 को बहलाकर ले गया था। तब पुलिस ने अपहरण सहित अन्य धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी। पुलिस ने फोन की लोकेशन के आधार पर अर्जुन को 20 जून 2017 को गिरफ्तार कर उसके पास से किशोरी को खोज लिया था। पुलिस ने किशोरी का मेडिकल परीक्षण कराकर कोर्ट में कलमबंद बयान दर्ज कराए।
जहां किशोरी ने दुष्कर्म की बात कही। पुलिस ने अर्जुन को नाबालिग से दुष्कर्म और अपहरण के सहित अन्य धाराओं में जेल भेज दिया। उसके खिलाफ पॉक्सो एक्ट कोर्ट में चार्जशीट दाखिल कर दी। शुक्रवार को सुनवाई पूरी हुई। जिसमें दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं की बहस, गवाहों के बयान और सबूतों आधार पर विशेष न्यायाधीश मोहम्मद कमर ने अर्जुन को दोषी पाते हुए बीस साल की सजा सुनाई। 60 हजार रुपये अर्थदंड लगाया। अर्थदंड अदा न करने पर दस माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना पड़ेगा।म