
पीएम मोदी ने रक्षित के स्टार्टअप को सराहा
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बरेली के रामपुर गार्डन निवासी रक्षित ने अपने आईआईटियन दोस्तों के साथ स्पेस टेक्नोलॉजी में नया आयाम स्थापित किया है। आने वाले दिनों में उनका स्टार्टअप ‘गैलेक्सआई’ देश की सीमाओं को सुरक्षित रखने व किसानों को सशक्त बनाने में योगदान करेगा। रविवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ‘मन की बात’ कार्यक्रम में रक्षित के स्टार्टअप की सराहना की। उनकी टीम से भविष्य की योजनाओं पर चर्चा भी की। चूंकि, रक्षित मूल रूप से उत्तराखंड के निवासी हैं, इसलिए पीएम ने उनसे वहां की प्रसिद्ध बाल मिठाई का जिक्र भी किया।
रक्षित के पिता मुकुल भट्ट व्यवसायी और मां इंदु भट्ट गृहिणी हैं। पिता ने बताया बेटे ने 10वीं तक की पढ़ाई बिशप कॉनराड स्कूल से की है। आईआईटी की तैयारी के साथ कोटा (राजस्थान) से 12वीं की पढ़ाई पूरी की। रक्षित ने वर्ष 2018 में आईआईटी (चेन्नई) से मैकेनिकल इंजीनियरिंग में बीटेक किया। वहां पांच दोस्तों के साथ मिलकर ‘गैलेक्सआई’ स्टार्टअप शुरू किया। उनकी इस उपलब्धि पर उत्तरायणी जनकल्याण समिति के पदाधिकारियों व सदस्यों ने खुशी जाहिर की।
प्रधानमंत्री ने युवाओं को किया प्रोत्साहित
रक्षित बताते हैं कि वर्ष 2020 में डेनिल चावड़ा, किशन ठक्कर, प्रणित मेहता, रक्षित भट्ट और सुयश सिंह के साथ मिलकर ‘गैलेक्सआई’ की स्थापना की। इसका संचालन बंगलूरू से कर रहे हैं। प्रधानमंत्री से वार्ता के बाद देशभर के युवा अंतरिक्ष के क्षेत्र में आने के लिए प्रोत्साहित होंगे।
इस स्टार्टअप में करीब चार मिलियन डॉलर का निवेश हुआ है। कंपनी ने रक्षा क्षेत्र के लिए यूएवी एसएआर प्रणाली विकसित की है। इसका लक्ष्य 2025 में यूएवी (अनमैंड एरियल व्हीकल) और एसएआर (सिंथेटिक एपर्चर रडार) प्रणाली की व्यावसायिक तैनाती के साथ-साथ अपना पहला मल्टी-सेंसर उपग्रह लॉन्च करना है।
