फर्जी दस्तावेज पर शिक्षकों के नौकरी हासिल करने के मामले में तत्कालीन जिला समाज कल्याण अधिकारी बलदेव त्रिपाठी, जितेंद्र मोहन शुक्ल, विमला राय पर भी मुकदमा दर्ज है। इसके अलावा तत्कालीन सहायक बेसिक शिक्षा अधिकारी फतेहपुर मंडाव, सहायक बेसिक शिक्षा अधिकारी घोसी, तत्कालीन खंड शिक्षा अधिकारी मुहम्मदाबाद गोहना, तत्कालीन बेसिक शिक्षा अधिकारी पर केस हुआ है। इसके अलावा समाज कल्याण विभाग के तत्कालीन पर्यवेक्षक कैलाश सिंह, जितेंद्र कुमार राय, शोयब अहमद खान और 14 अज्ञात भी आरोपी बनाए गए हैं।
इन शिक्षकों पर दर्ज हुआ है मुकदमा
जिला समाज कल्याण विभाग विकास रश्मी मिश्रा ने शिक्षक कुलदीप नारायण, गौरव कुमार पांडेय, जितेंद्र सिंह, राजमती यादव, राकेश कुमार दीक्षित, वंदना कौशल, अभिषेक कुमार दुबे, रामप्यारे प्रसाद, सुरेंद्र कुमार भारती पर मुकदमा दर्ज कराया। इसके अलावा रजनीश उपाध्याय, श्रीराम प्रसाद, मनोज कुमार राय, मुकेश यादव, अश्वनी कुमार रंजन, राघवेंद्र कुमार मिश्रा, शमा, उपमा गौतम, हरिकेश यादव, कमरुदीन, रामप्रसाद, अनिता सिंह के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया।
इसके साथ शिक्षक अनुप्रिया राय, शशिकांत सिंह, प्रतिमा पटेल, विछुता पटेल, सलील कुमार दुबे, अभिषेक पांडेय, अनिल कुमार यादव, अर्चना भारती, प्रमोद कुमार राव, बृजेश कुमार यादव, धर्मेंद्र कुमार, मोनिका जायसवाल, वीना राय, संजय कुमार, ओमप्रकाश भारती, रेनू यादव समेत 42 पर मुकदमा दर्ज हुआ है।
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