ज्योतिषपीठ के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती के माघ मेला छोड़कर काशी जाने के बाद अब उनका शिविर भी शिष्यों ने बुधवार को ही खाली कर दिया। शिविर में रहने वाले शंकराचार्य के भक्त और शिष्य भी शिविर खाली कर आज ही काशी के लिए रवाना हो गए। स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती के प्रमुख शिष्य स्वामी मुकुंदानंद के मुताबिक शंकराचार्य जी ने भारी मन से बगैर गंगा स्नान किए माघ मेले को छोड़ा है। उन्होंने प्रशासन पर सुविधाओं का प्रलोभन देकर टेक छोड़ने के लिए दबाव बनाने का भी आरोप लगाया है।
टेक रहेगी जारी, अगली बार माघ मेला आएंगे तो शिविर के बाहर पालकी पर ही विराजेंगे
स्वामी मुकुंदानंद ने कहा कि स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने टेक नहीं छोड़ा है, उन्होंने मेला छोड़ने का फैसला लिया। उनके मुताबिक उनके गुरु का प्रण है कि उनकी टेक महीनों, वर्षों नहीं बल्कि सदियों और पीढ़ियों तक जारी रहेगी। जब तक कि मेला प्रशासन ससम्मान उन्हें गंगा स्नान नहीं करता है। उन्होंने कहा है कि अगले साल फिर से शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती जब माघ मेले में आएंगे तब भी वह शिविर के बाहर ही पालकी पर विराजमान रहेंगे।