सब हेड – आर्य कन्या महाविद्यालय में 15 दिवसीय कार्यशाला हुई प्रारंभ
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संवाद न्यूज एजेंसी
झांसी। महाकुंभ प्रयागराज 2025 के आयोजनों की श्रृंखला में आर्य कन्या महाविद्यालय में 15 दिवसीय राई लोक नृत्य प्रस्तुति परक कार्यशाला शुरू हुई। इसमें वक्ताओं ने कुंभ की परंपरा, लोक नृत्य राई की विशेषताओं व कार्यशाला के उद्देश्यों पर प्रकाश डाला। छात्राओं ने सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए।
संस्कृति विभाग एवं आर्य कन्या महाविद्यालय के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित कार्यशाला का शुभारंभ मुख्य अतिथि डॉ. संदीप सरावगी ने किया। राजकीय संग्रहालय के उपनिदेशक डॉ. मनोज कुमार गौतम ने कहा कि धार्मिक पर्यटन का प्रचलन तेजी से बढ रहा है और इसी के साथ हम अपनी संस्कृति को भी संरक्षित कर रहे है। संस्कृति विभाग लखनऊ से आए प्रतिनिधि मनोज सक्सेना ने कहा कि प्रयागराज महाकुंभ के अवसर पर पूरे प्रदेश में कार्यक्रमों का आयोजन हो रहा है। क्षेत्रीय पर्यटन अधिकारी कीर्ति ने कहा कि लोकनृत्य हमारी संस्कृति का अभिन्न अंग है। प्राचार्या प्रो. अलका नायक ने कहा कि राई नृत्य बुंदेलखंड का परंपरागत लोकनृत्य है। बुंदेलखंड महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. एसके राय, अंतर्राष्ट्रीय बौद्ध शोध संस्थान के उपाध्यक्ष हरगोविंद कुशवाहा, मुख्य प्रशिक्षक वंदना कुशवाहा आदि ने भी विचार व्यक्त किए। कार्यक्रम में पायल विश्वकर्मा, रूबा खान व कंचन वाल्मीकि ने सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए। संचालन डॉ. दीपमाला दुबे व आभार समन्वयक देवराज चतुर्वेदी ने व्यक्त किया। पर्यटन विशेषज्ञ प्रदीप तिवारी, रंगकर्मी आरिफ शहडोली आदि मौजूद रहे।
