
राखी बांधने का शुभ मुहूर्त 2024
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मथुरा में सोमवार को भाई-बहन के अटूट प्रेम का पर्व रक्षाबंधन मनाया जाएगा। बहनें भाई की कलाई पर राखी बांधकर उसकी लंबी आयु की कामना करेंगी। ज्योतिषाचार्यों ने दोपहर तक भद्रा के बाद ही शुभ मुहूर्त में राखी बांधने की सलाह दे रहे हैं।
ज्योतिषाचार्य कामेश्वर चतुर्वेदी ने बताया कि सोमवार सर्वार्थ सिद्धि योग, श्रवण नक्षत्र में सूर्य देव का उदय होगा। बहन भाई की पवित्र प्रेम का पर्व रक्षाबंधन दोपहर 1.32 बजे के बाद शुभ मुहूर्त है। श्रावणी एवं रक्षाबंधन पर्व भद्रा में नहीं मनाए जाते हैं। भद्रा में राखी बांधना बहन एवं भाई दोनों के लिए अशुभ रहता है। इसलिए भद्रा में मांगलिक कार्य नहीं किए जाते हैं।
ज्योतिषाचार्य पं. अजय तैलंग ने बताया कि रक्षाबंधन के दिन सर्वार्थ सिद्धि योग, रवि योग, शोभन योग और श्रवण नक्षत्र का महासंयोग बन रहा है। माना जाता है कि इस योग में राखी बांधने से रिश्तों में मधुरता बनी रहती है। इस साल रक्षाबंधन के दिन भद्राकाल का साया भी रहेगा, और इस काल में राखी बांधना अशुभ हो सकता है। ऐसे में राखी बांधने का सही समय दोपहर बाद है। रक्षाबंधन के दिन सोमवार को भद्रा सुबह 5 बजकर 53 मिनट से आरंभ हो जाएगी, जो दोपहर 1.32 मिनट पर समाप्त होगी उसके बाद बहनों द्वारा भाइयों की कलाई पर राखी बांधी जाएंगी।
राखी बांधने का शुभ मुहूर्त
पंचांग के अनुसार राखी बांधने का शुभ मुहूर्त सोमवार दोपहर 01:33 से लेकर रात्रि 09:07 तक रहेगा।
