फोटो-21 सड़क पर बसें खड़ी होने से लगा जाम।संवाद
– झांसी रोडवेज बसों के चालक स्टैंड के बाहर से भरते हैं सवारियां, इससे लगता जाम
– अव्यवस्था के लिए उरई व झांसी के एआरएम एक-दूसरे पर फोड़ रहे ठीकरा
संवाद न्यूज एजेंसी
उरई। रोडवेज बस अड्डे की अव्यवस्था बढ़ती जा रही है। बस चालकों की मनमानी से रोजाना सड़क पर जाम लग रहा है। बसें स्टैंड के अंदर खड़ी करने की बजाय सीधे सड़क पर खड़ी की जा रही हैं। इससे न सिर्फ घंटों जाम लगता है, बल्कि आसपास के दुकानदारों का व्यापार भी चौपट हो रहा है। स्थिति यह है कि जाम सुबह से शुरू होकर देर शाम तक बना रहता है। वहीं, जाम के लिए उरई व झांसी के एआरएम एक-दूसरे पर ठीकरा फोड़ रहे हैं।
स्टैंड की क्षमता लगभग 100 बसों की है, लेकिन हकीकत यह है कि चालक मनमर्जी से बसों को सड़क पर खड़ा कर रहे हैं। एक-दो नहीं बल्कि रोजाना 5 से 6 बसें सड़क पर खड़ी रहती हैं। इनसे सवारियों को चढ़ाने-उतारने का काम होता है और इसके साथ ई-रिक्शा भी सड़क पर कतार बनाकर खड़े हो जाते हैं।
नतीजा यह है कि सड़क पर हर समय अफरातफरी और जाम की स्थिति बनी रहती है। सड़क पर खड़ी बसों और ई-रिक्शों की वजह से यातायात अवरुद्ध हो जाता है। राहगीरों और छोटे वाहन चालकों को भारी परेशानी उठानी पड़ रही है। आए दिन इन बस चालकों का विवाद कभी आम लोगों से तो कभी ट्रैफिक पुलिस से हो जाता है, लेकिन इसके बावजूद हालात जस के तस बने हुए हैं।
जानकारी के अनुसार उरई बस स्टैंड पर झांसी डिपो की बसों की मनमानी सबसे ज्यादा है। उरई डिपो की बसों को तो स्टैंड के अंदर ही खड़ा कराया जा रहा है, लेकिन झांसी डिपो के चालक बार-बार सड़क पर बसें खड़ी कर रहे हैं। कई बार समझाने, पत्र जारी करने और चालान करने के बावजूद झांसी डिपो की चालक मनमर्जी बसें खड़ी करते हैं।
दोनों अधिकारी एक-दूसरे पर जिम्मेदारी लाद रहे हैं, लेकिन व्यवस्था सुधारने के नाम पर कोई आगे नहीं आ रहा। रोजाना घंटों लगने वाले जाम से आमजनता त्राहि-त्राहि कर रही है। दुकानदारों का कहना है कि जाम की वजह से ग्राहक तक नहीं पहुंच पाते, कारोबार आधा रह गया है।
झांसी के एआरएम बोले-उरई में व्यवस्थाएं बिगड़ रहीं तो जिम्मेदारी उरई डिपो की है
उरई एआरएम कमल आर्या ने बताया कि उरई रोडवेज बस चालकों की मनमर्जी पर पूरी तरह रोक लगा दी गई है। बसें स्टैंड के अंदर खड़ी हो रही हैं। लेकिन झांसी डिपो की बसें लगातार सड़क पर खड़ी होती हैं। इस बारे में कई बार पत्र भेजे गए और चालान भी किए गए, लेकिन वे मान नहीं रहे हैं। वहीं, झांसी एआरएम रामदास सोनकर ने कहा कि झांसी डिपो की कोई भी बस सड़क पर खड़ी नहीं होती। उरई में व्यवस्थाएं बिगड़ रही हैं तो उन्हें ठीक करना उरई डिपो की जिम्मेदारी है। झांसी डिपो वहां जाकर व्यवस्था नहीं देख सकता।
